जींद। सफाई कर्मचारियों की हड़ताल के बीच शहर में कूड़े के ढेर लगातार बढ़ते जा रहे हैं। नगर परिषद की ओर से वीरवार को करीब 120 टन कूड़ा उठवाया गया, लेकिन इसके बावजूद शहर में लगभग 50 प्वाइंटों पर करीब 450 टन कूड़ा जमा है। नियमित सफाई और कूड़ा उठान प्रभावित होने से कई स्थानों पर अस्थायी डंपिंग स्टेशन जैसे हालात बन गए हैं।
इसी मुद्दे को लेकर नगर पालिका कर्मचारी संघ हरियाणा और हरियाणा अग्निशमन विभाग कर्मचारी संघ की जींद इकाई की ओर से रानी तालाब पर जन पंचायत आयोजित की गई। जन पंचायत की संयुक्त अध्यक्षता बिजेंद्र कांगड़ा और सतीश कुमार ने की। विभिन्न ट्रेड यूनियनों, किसान संगठनों, कर्मचारी संगठनों, सामाजिक संस्थाओं, नगर पार्षदों और विपक्षी दलों के प्रतिनिधियों ने पहुंचकर सफाई कर्मचारियों की हड़ताल का समर्थन किया।
वक्ताओं ने कहा कि सफाई कर्मचारी शहरों को साफ रखने और कूड़ा उठाने का काम करते हैं। उनके हड़ताल पर जाने के बाद शहर में जगह-जगह कूड़ा जमा होना सरकार और कर्मचारी संगठनों के बीच हुए समझौतों को लागू नहीं किए जाने का परिणाम है। कर्मचारियों को इसके लिए जिम्मेदार ठहराने के बजाय सरकार को उनकी मांगों पर बातचीत करनी चाहिए।
उन्होंने कहा कि सफाई कर्मचारियों के साथ किए गए समझौतों को लागू करने, कच्चे कर्मचारियों को पक्का करने और सेवा सुरक्षा समेत लंबित मांगों का समाधान किया जाना चाहिए। सरकार और कर्मचारी संगठनों के बीच तत्काल वार्ता शुरू होनी चाहिए, ताकि हड़ताल समाप्त हो और शहर की सफाई व्यवस्था पटरी पर लौट सके।
जन पंचायत में सीटू, किसान सभा, भारतीय किसान यूनियन, सर्व कर्मचारी संघ, रोडवेज कर्मचारी यूनियन, आशा वर्कर्स यूनियन, ग्रामीण सफाई कर्मचारी यूनियन, भवन निर्माण कामगार यूनियन और जन संघर्ष मंच समेत विभिन्न संगठनों के प्रतिनिधि मौजूद रहे। वक्ताओं ने कहा कि मांगों का समाधान होने तक कर्मचारियों के संघर्ष को समर्थन जारी रहेगा।
इस अवसर पर फूल सिंह श्योकंद, संजीव ढांडा, मनदीप नेहरा, कॉमरेड रमेश चंद्र, कपूर सिंह, सोहनलाल, धर्मबीर भंभेवा, गुलाब बिरौली, वेद प्रकाश, सुधीर शास्त्री, महेंद्र फौजी, नरेंद्र नाडा, नीलम, राजेश कालीरमन, सतपाल कुंडू, कांग्रेस जिला प्रधान ऋषिपाल हैबतपुर, वजीर गांगोली, प्रदीप गिल, सुनील कुंडू और संजय वत्स मौजूद रहे।
शहर में जगह-जगह जमा कूड़े को उठाने के लिए सफाई कर्मियों की टीम लगाई गई है। कूड़ा उठाने के कार्य में 10 सफाई कर्मियों के साथ जेसीबी और छह ट्रैक्टर-ट्रॉलियों का इस्तेमाल किया जा रहा है। शहर में सफाई व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए लगातार अभियान चलाया जा रहा है और जहां भी कूड़ा जमा होने की सूचना मिलती है, वहां प्राथमिकता के आधार पर सफाई करवाई जा रही है।
- सुशील भुक्कल, ईओ