इधर-उधर दफ्तरों में काम कर रहे जींद डिपो के 28 चालकों और परिचालकों को जीएम ने ऑन रूट के आदेश जारी किए हैं। कर्मचारियों की कमी के चलते वर्कशॉप में खड़ी पांच बसें ऑन रूट हो जाएंगी। इससे यात्रियों को थोड़ी राहत मिलेगी। जींद डिपो में कुल 164 बसें हैं। इसमें से पांच से छह बस हर रोज मरम्मत के लिए वर्कशॉप में खड़ी रहती हैं। इसके साथ-साथ कर्मचारियों की कमी के चलते पांच बसें नहीं चल पा रही हैं। इस प्रकार हर रोज 10 से 12 बसें वर्कशॉप में खड़ी रहती हैं। अब जीएम ने दफ्तरों में काम कर रहे 28 चालकों और परिचालकों को ऑन रूट होने के आदेश दिए गए हैं। इससे वर्कशॉप में खड़ी पांचों बसें भी ऑन रूट हो सकेंगी। इससे यात्रियों को राहत मिलेगी। आठ जुलाई को इन 28 चालकों और परिचालकों को ऑन रूट आने के आदेश जारी हो चुके हैं। हालांकि अभी तक इसमें केवल एक चालक व एक परिचालक ही ऑन रूट हुए हैं। जबकि अन्य कर्मचारी अपनी मूल ड्यूटी पर नहीं लौटे हैं।
28 कर्मचारियों का ऑन रूट ब्योरा
28 कर्मचारी में से चार चालकों को प्रशिक्षण केंद्र, तीन चालकों को डग ड्यूटी, एक चालक को स्टोर ड्यूटी, दो चालक को स्टैंड ड्यूटी, एक डीजल पंप, एक डीजल टैंक, दो यार्ड ड्यूटी से हटाकर ऑन रूट भेजा गया है। इसके अलावा दो परिचालकों को कार्य लिपिक, एक स्टैंड ड्यूटी, एक कार्य ग्रहण उपराव व पांच परिचालकों को अग्रिम बुकिंग से हटाकर ऑन रूट भेजा गया है। इसके अलावा एक परिचालक को मार्ग ड्यूटी से हटाकर यार्ड रूम में भेजा गया है। तीन को स्टैंड ड्यूटी से हटाकर अग्रिम बुकिंग पर भेजा गया है। एक परिचालक को मार्ग ड्यूटी से हटाकर स्टैंड ड्यूटी पर लगाया गया है।
जल्द सभी कर्मचारी होंगे ऑन रूट
28 कर्मचारियों को विभिन्न जगहों से बदलकर ऑन रूट भेजा जा रहा है। इससे सभी बसें ऑन रूट हो जाएंगी। सभी कर्मचारियों को नोटिस नहीं मिल पाया है। कोई बीमार चल रहा है तो कोई अन्य कारण से छुट्टी पर है। कर्मचारियों के ऑन रूट होने से सभी बसें ऑन रूट हो जाएंगी और यात्रियों को राहत मिलेगी।
आरएस पूनिया, रोडवेज जीएम जींद।