भारत की जनवादी नौजवान सभा (डीवाईएफआई) ने रोहतक में झज्जर रोड पर बिजली की लाइन के शिफ्टिंग के काम के दौरान करंट की चपेट में आने से युवक की मौत की घटना को लेकर सामान्य बस स्टैंड पर सरकार का पुतला फूंका। नौजवान सभा ने युवक की मौत के लिए ठेकेदार की लापरवाही व सरकार की ठेकेदारी प्रथा को जिम्मेदार ठहराया है। नौजवान सभा के जिला प्रधान असीम ने कहा कि रोजगार में ठेका प्रथा के चलते सरकारी विभागों खासतौर पर बिजली विभाग में आए दिन नौजवानों को अकाल मौत का शिकार होना पड़ रहा है।
मोहित की मौत के जिम्मेदार ठेकेदार और अधिकारियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई होनी चाहिए। मोहित के पीड़ित परिवार को कम से कम 20 लाख रुपये की आर्थिक सहायता और परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी दी जाए। सभा ने सरकार से रोजगार में ठेका प्रथा को तुरंत वापस लेने और सभी बेरोजगारों के लिए पक्के और स्थाई रोजगार का प्रबंध किए जाने की मांग की। सामान्य बस स्टैंड पर घटना के विरोध में सरकार का पुतला फूंकने के बाद कार्यकर्ताओं ने नगराधीश डॉ. किरण को मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा। इस अवसर पर जसपाल, अमित, अंकित, सुरेश, संदीप, विनोद, मोहित बारूराम, सचिन अनीप, नरवीर मौजूद रहे।
मुख्य मांगें
1. मृतक युवक मोहित के आर्थिक तंगी से गुजर रहे दुखी परिवार को 20 लाख रुपये की आर्थिक मदद व परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी दी जाए।
2. मोहित की मौत के जिम्मेदार ठेकेदार और अधिकारियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाए।
3. रोजगार में ठेका प्रथा को तुरंत वापस लिया जाए।
4. सभी बेरोजगारों के लिए पक्के व स्थाई रोजगार का प्रबंध किया जाए।
5. कच्चे व ठेकेदार के अंतर्गत काम कर रहे नौजवानों के लिए सरकार द्वारा सामाजिक सुरक्षा का प्रबंध किया जाए।