परिवार पहचान पत्र के साथ पेंशन जोड़ने के बाद से समाज कल्याण विभाग के लाभार्थियों के लिए फरवरी माह में ही समस्या खड़ी हो गई थी। इस दौरान जिले में लगभग 15 हजार लाभार्थियों की पेंशन रुकी थी। जिसके बाद विभाग ने लोगों को फैमिली आईडी बनवाने के निर्देश दिए थे। इसके बावजूद भी कुछ लाभार्थियों की फैमिली आईडी में त्रुटि के चलते पेंशन से वंचित रहना पड़ा। अब पांच महीने बीतने के बाद भी जिले में 4476 लाभार्थियों की पेंशन रुकी हुई है।
समाज कल्याण विभाग ने लाभार्थियों की पेंशन को शुरू करवाने के लिए परिवार पहचान पत्र में त्रुटियों को ठीक करवाने के लिए नोटिस भी चस्पा किए ताकि विभाग की तरफ से मिलने वाली पेंशन का लाभ लगातार मिलता रहे। इसके बावजूद भी लाभार्थियों ने फैमिली आईडी को अपडेट नहीं करवाया जिसके चलते अब तक पेंशन रुकी हुई है। समाज कल्याण विभाग में अब तक बुजुर्ग, विधवा, विकलांग व निराश्रित पेंशन 4476 लाभार्थियों की रुकी हुई है। हालांकि पेंशन कब मिलेगी इसके लिए आए दिन लाभार्थी व उनके परिजन चक्कर काट रहे हैं। 31 मार्च तक जिन लाभार्थियों ने फैै मिली आईडी को अपडेट करवाया था ऐसे लगभग 827 पेंशनधारकों की रुकी हुई पेंशन जुलाई माह में आई है। इसके अलावा अब बाकि की पेंशन कब आएगी और इनमें क्या खामियां बाकि हैं। इसके लिए विभागीय अधिकारियों के पास भी कोई संतोषजनक जवाब नहीं है।
रुकी हुई 827 लाभार्थियों की जुलाई माह में आई पेंशन
समाज कल्याण विभाग की तरफ से मिलने वाला सम्मान भत्ता फरवरी माह में पेंशन और फैमिली आईडी के लिंक होने के बाद रुक गया था। जिसके बाद पेंशनधारकों को फैमिली आईडी बनवाने के निर्देश दिए गए। जिसके चलते जिन लोगों ने नहीं बनवाई या फिर आईडी में त्रुटि हुई तो उनकी पेंशन रुक गई थी। अब जुलाई महीने में 827 लाभार्थियों की पेंशन आई है और 4476 की अभी भी बाकी है।
-सरोज देवी, जिला समाज कल्याण अधिकारी, जींद।