30उचाना03 : उचाना की अतिरिक्त मंडी में शौचालय पर लगा ताला। संवाद
उचाना। उचाना मंडी में पीआर धान की सरकारी खरीद तो शुरू हो गई है लेकिन किसानों के लिए मंडी में जरूरी सुविधाएं अभी भी अधूरी हैं।पुरानी मंडी में धान की आवक जारी है और एक-दो दिन में अतिरिक्त नई मंडी में भी पीआर धान पहुंचने की उम्मीद है। ऐसे में यदि व्यवस्थाएं समय रहते दुरुस्त नहीं हुईं तो किसानों को परेशानी उठानी पड़ सकती है।
मंडी में किसानों के गेट पास बनाने के लिए कर्मचारी तैनात कर दिए गए हैं लेकिन सफाई व्यवस्था बदहाल है। मंडी के शौचालयों पर ताले लटके हुए हैं। इससे मंडी प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े हो रहे हैं।
मुख्य शेडों में अब भी रखे हैं गेहूं के बैग
अतिरिक्त नई मंडी में एक शेड को खाली कर दिया गया है लेकिन मुख्य दो शेड अभी भी गेहूं के बैग से भरे हुए हैं। ऐसे में बारिश होने पर किसानों को फसल उतारने और बचाने में परेशानी हो सकती है। मंडी परिसर में सड़क मरम्मत का काम भी जारी है। जहां सड़क उखड़ी हुई थी, वहां तारकोल की नई लेयर बिछाई जा रही है। मार्केट कमेटी सचिव से व्यवस्थाओं को लेकर पक्ष जानने के लिए फोन किया गया लेकिन उन्होंने रिसीव नहीं किया। वहीं एसडीएम सुमन यादव ने बताया कि वह वीरवार को पुरानी और नई मंडी का निरीक्षण करेंगी और मौके पर व्यवस्थाओं की खामियों की जांच करेंगी।
937 क्विंटल पीआर धान पहुंचा, 60 क्विंटल की बिक्री
उचाना की पुरानी मंडी में अब तक 937 क्विंटल पीआर धान की आवक हो चुकी है। इसमें से 60 क्विंटल धान की बिक्री हुई है जबकि नमी अधिक होने के कारण अन्य धान की खरीद नहीं हो सकी। बुधवार को मंडी में 18 गेट पास काटे गए। वहीं 1509 किस्म की 7193 क्विंटल धान मंडियों में पहुंच चुकी है। इसके अलावा 853 क्विंटल बाजरा भी मंडी में आया है।
विधायक ने मंडी पहुंचकर जांची धान की नमी
उचाना।
विधायक देवेंद्र अत्री ने अनाज मंडी पहुंचकर धान खरीद प्रक्रिया का जायजा लिया। उन्होंने गांव थुआ से धान लेकर आए किसान की ढेरी पर पहुंचकर नमी मापने वाले मीटर से धान की नमी की जांच की। धान में करीब 15 प्रतिशत नमी मिलने पर विधायक ने खरीद एजेंसी के अधिकारियों को फसल की खरीद के निर्देश दिए। इस दौरान दी फूडग्रेन डीलर एसोसिएशन उचाना मंडी के प्रधान सत्यवान पेगां की अगुवाई में प्रतिनिधिमंडल ने विधायक को किसानों और आढ़तियों की मांगों से संबंधित ज्ञापन सौंपा। प्रधान सत्यवान पेगां ने बताया कि प्रतिनिधिमंडल ने पीआर धान को अतिरिक्त अनाज मंडी उचाना में उतरवाने और उसकी मैपिंग करवाने की मांग रखी है। उन्होंने कहा कि उचाना मंडी से लगते जिलों के किसान पिछले कई वर्षों से यहां अपनी फसल बेचते आ रहे हैं लेकिन इस बार उनके गेट पास जारी नहीं हो रहे। ऐसे किसानों के गेट पास बनवाने की मांग भी विधायक के समक्ष रखी गई है।
30उचाना03 : उचाना की अतिरिक्त मंडी में शौचालय पर लगा ताला। संवाद
30उचाना03 : उचाना की अतिरिक्त मंडी में शौचालय पर लगा ताला। संवाद