जींद। प्रदेश सरकार ने व्यापारियों और उद्यमियों को राहत देने के लिए एकमुश्त निपटान योजना-2026 लागू की है। डीसी डॉ. वैशाली शर्मा ने बताया कि यह योजना 28 सितंबर 2026 तक प्रभावी रहेगी। इसके तहत विभिन्न कर अधिनियमों के अंतर्गत लंबित कर बकाया मामलों का सरल तरीके से निपटान किया जा सकेगा। डीसी ने बताया कि एक लाख रुपये तक के कर बकाया वाले मामलों में आवेदन की भी आवश्यकता नहीं होगी। ऐसे मामलों में कर, ब्याज और जुर्माना पूरी तरह माफ कर दिया जाएगा। वहीं, एक लाख रुपये से अधिक के बकाया मामलों में श्रेणी के अनुसार कर राशि में 30 से 70 प्रतिशत तक की छूट तथा ब्याज और जुर्माने में 100 प्रतिशत तक की राहत मिलेगी। उन्होंने बताया कि अपील या न्यायालयों में लंबित मामलों वाले व्यापारी भी योजना का लाभ ले सकते हैं, बशर्ते वे संबंधित अपील या मुकदमा वापस लें। पांच लाख रुपये तक की निपटान राशि का भुगतान एकमुश्त तथा इससे अधिक राशि का भुगतान दो या तीन किस्तों में किया जा सकेगा। डीसी ने व्यापारियों से योजना का लाभ उठाकर पुराने कर विवादों का निपटान कराने की अपील की।