पिपली में किसानों पर हुए लाठीचार्ज व तीन अध्यादेशों के खिलाफ भारतीय किसान यूनियन ने शनिवार को जींद में राज्य स्तरीय मीटिंग की। किसानों ने ऐलान किया कि 5 अक्तूबर को बरवाला में राज्य स्तरीय महापंचायत होगी। इसमें आरपार की लड़ाई का ऐलान किया जाएगा। इसके बाद बस स्टैंड के पास चौक पर सरकार का पुतला फूंक कर रोष जताया।
भारतीय किसान यूनियन के प्रदेश अध्यक्ष रतन मान ने बताया कि बैठक में किसानों ने फैसला लिया कि किसानों पर हुए लाठीचार्ज का बदला लिया जाएगा। मान ने कहा कि कपास की नष्ट हो चुकी फसल का मुआवजा दिया जाए, 80 हजार किसान खेतों में बिजली के कनेक्शन से वंचित है। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार किसानों के साथ अन्याय कर रही है। वरिष्ठ नेता बिल्लू खांडा ने कहा कि किसानों को जवाब देने के लिए आंदोलन किया जाएगा महापंचायत की जाएगी। भारतीय किसान यूनियन के राष्ट्रीय उपाध्याय रामफल कंडेला ने कहा कि सरकार ने नए अध्यादेश लाकर एपीएमसी खत्म करने का तरीका निकाला है। उन्होंने कहा कि सरकार बीमा की बात करती थी। किसी को बीमा नहीं दिया गया है।