जींद। राजस्व विभाग ने जिले की एक महीने में ई-गिरदावरी का काम पूरा करकेऔर वेब हेलरिस पोर्टल पर डाटा अपलोड कर दिया है। ऐसा करने वाला जींद जिला प्रदेश में पहला है, जिसने पूरे जिले की ई-गिरदावरी का कार्य सबसे पहले किया है। दूसरे स्थान पर अंबाला जनपद है।
यह ई-गिरदावरी का काम और डाटा अपलोड करने की प्रक्रिया एक फरवरी से शुरू हुई थी। एक मार्च तक इसे पूरा करना था।जिला प्रशासन ने इसके लिए सभी पटवारी, फील्ड कानूनगो और तहसीलदारों को टैब दिए गए थे। उसके बाद से ही पटवारियों ने टैब से जिले में ई-गिरदावरी का कार्य भी शुरू कर दी थी। इससे पहले जूनियर प्रोग्रामरों ने पटवारी और कानूनगो को टैब के माध्यम से फसलों की ई-गिरदावरी करने की ट्रेनिंग दी गई थी मिली जानकारी के अनुसार
जिला कार्य पूरा प्रतिशत में
जींद 100
अंबाला
94.59
फरीदाबाद
84.38
कुरुक्षेत्र
84.01
करनाल 76.38
चरखी दादरी
71.51
यमुनानगर
69.16
नूह
50.79
रोहतक
31.97
झज्जर
28.41
वर्जन
तहसील की टेक्नीकल टीम ने बेहतरीन कार्य करते हुए ई-गिरदावरी का डाटा अपलोड किया है। टेक्नीकल टीम को पहले ही दिशा-निर्देश दिए गए थे कि एक मार्च तक पूरे जिले का गिरदावरी के कार्य को वेब हेलरिस पोर्टल पर अपलोड होना चाहिए, जिस पर टीम ने समय से यह कार्य पूरा कर दिया।
एमजेड बदर, जिला प्रोद्योगिकी एवं सूचना अधिकारी।
वर्जन
ई-गिरदावरी का कार्य और डाटा अपलोड करने में जींद जिला प्रथम आया है जो कि काबिलेतारीफ है। यह तहसील कार्यालय के कर्मचारियों और अधिकारियों की मेहनत का परिणाम है।
डॉ. मनोज कुमार, डीसी जींद।