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सीईटी के लिए परीक्षार्थियों को केंद्र पर पहुंचाना के लिए होगी कठिन डगर

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सीईटी(कॉमन इलिजिबिलिटी टेस्ट) की होने वाली पांच व छह नवंबर की परीक्षा के लिए विद्यार्थियों को परीक्षा केंद्रों पर पहुंचाने के लिए रोडवेज को कड़ी परेशानी का सामना करना पड़ेगा। सीईटी की परीक्षा के लिए रोडवेज के पास परीक्षार्थियों की संख्या को देखते हुए बसों की संख्या कम रहेगी। जींद जिले से 89 हजार से अधिक परीक्षार्थियों ने सीईटी के लिए आवेदन किया हुआ है। जिनके परीक्षा केंद्र कुरुक्षेत्र, अंबाला, कैथल व सिरसा में बनाए गए हैं। रोडवेज के अनुसार अभ्यर्थियों की संख्या को देखते हुए पांच नवंबर को सुबह के सत्र में होने वाली परीक्षा के लिए 346 व शाम के सत्र में 191 बसों की जरूरत पड़ेगी। वहीं छह नवंबर को होने वाली सुबह के सत्र की परीक्षा में 351 व 213 बसों की जरूरत पड़ेगी। इस प्रकार पांच नवंबर को कुल 537 तो छह नवंबर को 564 बसों की जरूरत है जबकि जींद डिपो में रोडवेज बसों व प्राइवेट परिवहन समिति की बसों की संख्या मिलाकर करीब 300 बसे हैं। ऐसे में अभ्यर्थियों की सुविधा के लिए स्कूलों की लगभग 350 बसों को हायर किया गया है लेकिन अभ्यर्थियों की संख्या को देखते हुए यह बस कम रहती हुई नजर आ रही हैं। वहीं रेलवे द्वारा परीक्षार्थियों के लिए अभी तक कोई स्पेशल ट्रेन चलाने का शेड्यूल जारी नहीं किया गया है। जींद से कुरुक्षेत्र के लिए सुबह चार बजकर दस मिनट पर पहली ट्रेन चलती है जिसमें कैथल व कुरुक्षेत्र वाले परीक्षा केंद्रों के अभ्यर्थी पहुंच सकते हैं।
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अल सुबह चार बजे बस चलाने का दावा
सीईटी के लिए सुबह के सत्र में सुबह दस बजे से लेकर पौने 12 बजे तो शाम के सत्र में तीन बजे से लेकर पौने चार बजे तक परीक्षा होगी। इसमें सुबह की सत्र में साढ़े आठ बजे तो शाम के सत्र में दोपहर डेढ़ बजे तक रिपोर्टिंग टाइम रहेगा। अभ्यर्थियों के लिए रोडवेज बसों में निशुल्क बस सेवा प्रदान की जाएग जिसमें महिला परीक्षार्थियों के साथ सहायक के तौर पर एक परिजन की भी यात्रा फ्री रहेगी। परिजन अपना पहचान पत्र दिखाकर ही मुफ्त सुविधा का लाभ ले सकेगा। ऐसे में रोडवेज अधिकारियों का दावा है कि अल सुबह चार बजे से ही विभिन्न परीक्षा केंद्रों के लिए बस भेजनी शुरू कर दी जाएंगी।
शैक्षणिक संस्थानों की बसों का लिया गया सहारा
अभ्यर्थियों की संख्या को देखते हुए बसों की संख्या कम रहेगी। ऐसे में परिवहन समिति की बसों के साथ-साथ शैक्षणिक शिक्षण संस्थान की लगभग 350 बसों को हायर किया गया है इनमें पांच किलोमीटर प्रति लीटर के हिसाब से डीजल डलवाया जाएगा। यह रिकार्ड मुख्यालय भेजा जाएगा। एक जिले से दूसरे जिले में आने-जाने वाली बसों को निश्चित मार्ग नंबर दिया जाएगा।
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एडवांस बुकिंग के लिए उमड़े परीक्षार्थी
परीक्षार्थियों द्वारा बसों की जानकारी मुहैया करवाने के लिए विभाग ने आगार व उपकेंद्र में तीन नवंबर से छह नवंबर तक हेल्प डेस्क बनाने के निर्देश दिए हैं। इसके अलावा तीन व चार नवंबर को अग्रिम बुकिंग भी की जाएगी। वीरवार को बस स्टैंड परिसर में एडवांस बुकिंग करवाने वाले अभ्यर्थियों की भीड़ उमड़ी। इसके चलते रोडवेज अधिकारियों ने अलग-अलग काउंटर बनाकर एडवांस बुकिंग शुरू की।
प्रार्थी एक, केंद्र अलग-अलग
शहर की अजमेर बस्ती निवासी विजेंद्र का सीईटी के अलग-अलग शहर में दो केंद्र आए हुए हैं। विजेंद्र स्नातकोत्तर है। उसने सीईटी देने के लिए आवेदन किया था। उसकी अब पांच नवंबर को दोपहर बाद तीन से चार बजकर 45 मिनट पर परीक्षा होगी। यह परीक्षा हिसार के दयानंद कॉलेज में होगी। वहीं दूसरे एडमिट कार्ड की बात करें तो उसमें पांच नवंबर को सुबह साढ़े 8 बजे से 11 बजकर 45 मिनट पर होगी। यह परीक्षा अंबाला कैंट के डीएवी सीनियर सेकेंडरी स्कूल में होगी। ऐसे में एक ही दिन में 200 किलोमीटर का सफर तय कर परीक्षा कैसे दी जा सकती है। प्रार्थी विजेंद्र का कहना है कि इसको लेकर उन्होंने एचएसएससी के टोल फ्री नंबर पर भी कई बार कॉल की लेकिन वहां भी किसी ने कॉल रिसीव नहीं की। उसने बोर्ड को ई-मेल भेजकर इसका समाधान बारे लिखा है लेकिन वहां से ई-मेल का भी कोई रिप्लाई नहीं आया है।
परीक्षार्थियों के लिए रहेगी फ्री यात्रा की सुविधा
पांच व छह नवंबर को होने वाली परीक्षा में परीक्षार्थियों की सुविधा के लिए फ्री बस यात्रा की सुविधा रहेगी। यात्रियों की संख्या के हिसाब से बसों की व्यवस्था की जाएगी। परीक्षार्थियों को किसी प्रकार की परेशानी नहीं होने दी जाएगी। अभ्यर्थी बस स्टैंड परिसर में आकर एडवांस बुकिंग भी करवा सकते हैं जिससे एक निश्चित रूट पर बस भेजने को लेकर आसानी रहे।
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-अशोक कौशिक, जीएम, जींद रोडवेज डिपो।
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