नरवाना। राजकीय मॉडल संस्कृति वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय बेलरखा में आयोजित सात दिवसीय भारतीय भाषा कैंप का रविवार को समापन हुआ। समापन समारोह में विद्यार्थियों को प्रमाण-पत्र देकर सम्मानित किया गया। कैंप का उद्देश्य विद्यार्थियों को भारतीय भाषाओं, संस्कृति और देश की समृद्ध विरासत से परिचित कराना था।
कार्यक्रम में विद्यालय के प्राचार्य बलजीत गोयत ने प्रतिभागी विद्यार्थियों को प्रमाण-पत्र वितरित किए। उन्होंने कहा कि भारत की भाषाई विविधता देश की सबसे बड़ी ताकत है। भारतीय भाषाएं हमारी संस्कृति, परंपराओं और इतिहास की पहचान हैं।
विद्यार्थियों को अपनी मातृभाषा के साथ-साथ अन्य भारतीय भाषाओं का भी सम्मान और अध्ययन करना चाहिए। कैंप के दौरान विद्यार्थियों ने भाषण, कविता पाठ, कहानी लेखन, लोकगीत, सांस्कृतिक प्रस्तुतियों और भाषा आधारित रचनात्मक प्रतियोगिताओं में बढ़-चढ़कर भाग लिया। इन गतिविधियों से विद्यार्थियों के आत्मविश्वास, अभिव्यक्ति क्षमता और रचनात्मक सोच का विकास हुआ।
प्राचार्य ने कहा कि भारतीय भाषाओं का संरक्षण और संवर्धन हम सभी की जिम्मेदारी है। ऐसे शिविर विद्यार्थियों में राष्ट्रीय एकता, सांस्कृतिक गौरव और भाषाई जागरूकता की भावना को मजबूत करते हैं। समारोह के अंत में सभी प्रतिभागियों को प्रमाण-पत्र प्रदान कर उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की गई। विद्यालय स्टाफ ने भी कैंप के सफल आयोजन पर विद्यार्थियों को बधाई दी।