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दो दिन में करीब 89 हजार अभ्यर्थी देंगे परीक्षा, आज 537 और कल 564 बसें चलाई जाएंगी

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सीईटी से पहले बसों की एडवांस बुकिंग को लेकर उमड़ी परीक्षार्थियों की भीड़। संवाद - फोटो : Jind
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जींद। आज और कल होने वाली संयुक्त पात्रता परीक्षा (सीईटी) परीक्षा में अभ्यर्थियों को परीक्षा केंद्रों तक पहुंचाने के लिए के लिए रोडवेज कर्मचारियों की छुट्टियां रद्द कर दी गई हैं वहीं ग्रामीण क्षेत्रों में रात्रि ठहराव को जाने वाली रोडवेज बसें भी बंद कर दी गई हैं।
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रोडवेज के 75 प्रतिशत कर्मचारियों की परीक्षार्थियों को लाने-ले जाने में ड्यूटी लगाई गई है। हालांकि पूरे जिले में रोडवेज के पास 155 बसें हैं। जींद डिपो में 100, सफीदों डिपों में 25 तथा नरवाना सबडिपों में 30 बसें उपलब्ध हैं। दो दिनों में जिले से करीब 89 हजार अभ्यर्थी परीक्षा देंगे। विभाग ने शनिवार को सुबह के सत्र की परीक्षा के लिए 49 बसों को चलाने का निर्णय लिया है। परीक्षार्थियों की अधिक संख्या के चलते निजी और शिक्षण संस्थानों की बसों का सहारा लिया जाएगा।
हरियाणा कर्मचारी चयन आयोग (एचएसएससी) ने सीईटी परीक्षा को लेकर परीक्षार्थियों के 100 किलोमीटर से भी दूर केंद्र बनाए हैं। ऐेसे में परीक्षार्थियों को केंद्र तक जाने में परेशानी झेलनी पड़ सकती है। बसों में एडवांस बुकिंग करवाने के लिए परीक्षार्थियों की शुक्रवार को बस अड्डे पर लंबी-लंबी लाइने लगी हुई थीं। विभिन्न परीक्षा केंद्रों के लिए शुक्रवार को 49 बसों में सीटों के लिए एडवांस बुकिंग की गई। जींद जिले के अभ्यर्थियों के लिए कैथल, कुरुक्षेत्र, हिसार, करनाल, ऐलनाबाद, लाडवा, सिरसा में परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। जिन परीक्षार्थियों ने एडवांस बुकिंग करवाई हुई है, उनके सीट नंबर दिया गया है। अभ्यर्थियों की संख्या के आधार पर यह तय होगा कि किस रूट पर कितनी बसें चलाई जाएंगी।
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जिले के परीक्षार्थियों की संख्या को देखते हुए रोडवेज द्वारा पांच नवंबर को 537 और छह नवंबर को 564 बसों को चलाने की योजना बनाई है। इसके लिए परिवहन समिति की 165 व स्कूलों की लगभग 350 बसों को हायर किया गया है, जिनमें पांच किलोमीटर प्रति लीटर के हिसाब से डीजल डलवाया जाएगा। स्कूल बसों को सीईटी अभ्यार्थियों के लिए चलाए जाने के कारण शनिवार को जिलेभर के निजी व राजकीय स्कूलों का अवकाश घोषित कर दिया गया है।
आम यात्री रोडवेज के सहारे न करें सफर
परीक्षा को लेकर दो दिन रोडवेज बसों में भारी भीड़ रहेगी। ऐसे में कहीं बाहर जाने की योजना बना रहे लोगों को विशेष ख्याल रखना होगा। बेहतर होगा कि इन दो दिनों में सफर करने से बचें। सभी रूटों पर चलने वाली रोडवेज बसों में परीक्षार्थियों का आवागमन रहेगा।
अल सुबह चार बजे चलेंगी बस
सीईटी परीक्षा के लिए सुबह के सत्र में सुबह दस बजे से लेकर पौने 12 बजे तो शाम के सत्र में तीन बजे से लेकर पौने चार बजे तक परीक्षा होगी, जिसमें सुबह की सत्र में सुबह साढ़े आठ बजे तो शाम के सत्र में दोपहर डेढ़ बजे तक पहुंचने का समय है। ऐसे में अल सुबह चार बजे से ही विभिन्न परीक्षा केंद्रों के लिए बस भेजनी शुरू कर दी जाएंगी। एक जिले से दूसरे जिले में आने-जाने वाली बसों को निश्चित मार्ग नंबर दिया जाएगा। प्रशासन ने जिन निजी स्कूलों की बसों को हायर किया है, उन सभी को रात को पुराने बस स्टैंड परिसर में खड़ा किया है। सुबह चार बजे यह बस यहीं से चलेंगी। ात को ही काफी अभ्यर्थी पुराने बस स्टैंड पर पहुंच गए थे।
जहां रजिस्ट्रेशन करवाया, वहीं से मिलेगी बस
जिन परीक्षार्थियों ने एडवांस बुकिंग करवाई है, वहीं से परीक्षार्थी को बस पकडनी पड़ेगी। जींद जिले में एक डिपो और दो सबडिपो हैं, जिनमें जींद डिपो और नरवाना तथा सफीदों सबडिपो हैं। अब जिन परीक्षार्थियों ने डिपो और सबडिपो से रजिस्ट्रेशन करवाया है। उनको वहीं से बस मिलेगी। ऐसे में जो सबडिपो से जो गांव 30 किलोमीटर दूर है और उन गांवों के परीक्षार्थियों की सुबह के समय परीक्षा है तो वह कैसे सबडिपो तक पहुंचेगी। इसको लेकर महिला परीक्षार्थियों को सबसे ज्यादा परेशानी झेलनी पड़ेगी। ऐसा ही हाल अलेवा क्षेत्र के अधीन आने वाले गांवों के परीक्षार्थियों का भी होगा, क्योंकि उनके लिए नरवाना सबडिपो और जींद डिपो दोनों दूर पड़ेंगे। ऐसे में परीक्षा केंद्रों तक पहुंचने के लिए भारी मुसीबतों का सामना करना पड़ेगा।
शाम को ग्रामीण क्षेत्र में नहीं जाएंगी बसें
रोडवेज डिपो ने शुक्रवार से ही ग्रामीण क्षेत्रों में बसों का रात्रि ठहराव बंद कर दिया है। डिपो प्रबंधन ने आदेश जारी किए हैं कि यदि कोई भी चालक या परिचालक बस को रात्रि ठहराव के लिए गांव में लेकर गया तो उसके खिलाफ विभागीय कार्रवाई की जाएगी। इससे यात्रियों और शिक्षण संस्थानों में शहर आने वाले युवक-युवतियों की समस्या बढ़ गई है। ऐसे में वह बिना बस के गांव से शहर तक कैसे आएंगे। डिप्टी सीएम हलके के गांव छात्तर में नरवाना और जींद से चलने वाली बस का रात्रि ठहराव भी बंद कर दिया था। इस गांव सहित अन्य गांव के लोगों को शाम के समय भी रोडवेज बस सेवा मुहैया नहीं होगी और सुबह के समय युवक-युवतियों को शहर में आने के लिए परेशानी होगी।
शुक्रवार को भी किया निशुल्क सफर
पांच और छह नवंबर को दोनों शिफ्टों में सीईटी-2022 का आयोजन किया जा रहा है। इसको लेकर परीक्षार्थियों को केंद्र तक पहुंचने के लिए रोडवेज ने निशुल्क सेवा दी है। दूर-दूर आए परीक्षा केंद्रों पर जाने के लिए परीक्षार्थियों ने रोडवेज बसों में निशुल्क यात्रा की। इसको लेकर डिपो प्रबंधन ने सभी चालक-परिचालकों को आदेश जारी किए हैं कि शुक्रवार को भी यदि कोई परीक्षार्थी बस में सफर कर रहा है तो उससे किराया न लें। उसके पास एडमिट कार्ड नहीं है तो ही किराया लें।
पांच और छह नवंबर को होने वाली कॉमन इलिजिबिलिटी टेस्ट में अभ्यार्थियों की सुविधा के लिए निशुल्क बस यात्रा की सुविधा रहेगी। यात्रियों की संख्या के हिसाब से बसों की व्यवस्था की जाएगी। सुबह ही अभ्यार्थियों को लेकर बस विभिन्न रूटों पर रवाना होंगी।
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-अशोक कौशिक, रोडवेज जीएम जींद डिपो।
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