जींद। सीएम विंडो पर सबसे अधिक अवैध कब्जों की शिकायतें आ रही हैं। डीसी ने अधिकारियों के साथ बैठक कर सीएम विंडो पर आने वाली शिकायतों को पूर्ण गंभीरता से लेते हुए प्राथमिकता के आधार पर समाधान करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सीएम विंडो पर कोई भी शिकायत लंबित नहीं रहनी चाहिए। लापरवाही करने वालों को चिंह्ति कर उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
डीसी ने यह निर्देश शनिवार को सीएम विंडो पर प्राप्त शिकायतों को लेकर स्थानीय लघु सचिवालय के सभागार में अधिकारियों की बैठक में दिएश्र डीसी ने कहा कि सीएम विंडो पर अधिकतर अवैध कब्जे से संबंधित शिकायतें है, इसको लेकर संबंधित तहसीलदार से निशानदेही करवाकर पुलिस की सहायता से इस पर उचित कार्रवाई कर सकते हैं। खरकरामजी गांव में सीएम विंडो पर प्राप्त एक मामले को लेकर ग्राम सचिव की जिम्मेवारी निर्धारित करते हुए उस पर कड़ा संज्ञान लेने बारे भी पंचायत विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए। उन्होंने सीपी ग्राम, हरपथ तथा एसएमजीटी पर मिलने वाली शिकायतों का निपटारा भी समयबद्ध तरीके से करने बारे निर्देश दिए।
डीसी ने कहा कि सीएम विंडो पर मिल रही शिकायतों का समाधान करने को लेकर सुधार की आवश्यकता है। इसके लिए सभी अधिकारियों को एकजुटता के साथ प्रयास करने होंगे, ताकि जिले की रैंकिंग में भी सुधार आए। सीएम विंडो पर आने वाली शिकायतों को संबंधित विभाग तुरंत प्रभाव से कार्रवाई करें। इसके बाद एक्शन टेकन रिपोर्ट (एटीआर) प्रेषित करें। कोई भी शिकायत ओवरड्यू नहीं होनी चाहिए। शीघ्रता से शिकायतों का समाधान किया जाए। उन्होंने लंबित शिकायतें जल्द से जल्द निपटाने के भी निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि कई बार शिकायत का समाधान तो कर दिया जाता है, लेकिन इसको पोर्टल पर अपलोड नही किया जाता, जिसको लेकर शिकायत पोर्टल पर पेंडिंग रह जाती है। उन्होंने सीएम विंडो पोर्टल पर बने अनुभागों की जानकारी विस्तार से अधिकारियों को उपलब्ध करवाई। अधिकारियों को सीएम विंडो पर वर्ष 2020 से पहले की सभी शिकायतों को अगले 15 दिनों में निपटान करने के निर्देश भी दिए। इस अवसर पर जींद एसडीएम डॉ पंकज आईएएस, सफीदों एसडीएम सत्यवान मान, उचाना एसडीएम जितेंद्र जोशी, नगराधीश अमित कुमार तथा संबंधित विभागों के विभागाध्यक्ष मौजूद रहे।