जींद। कोलकाता में ट्रेनी चिकित्सक की दुष्कर्म के बाद हत्या के मामले में हरियाणा सिविल मेडिकल सर्विसेज एसोसिएशन (एचसीएमएस) के आह्वान पर बुधवार शाम को चिकित्सक, स्वास्थ्य कर्मचारी और अन्य स्टाफ कैंडल मार्च निकालेंगे। इसके माध्यम से पश्चिम बंगाल में ट्रेनी डॉक्टर से दुष्कर्म कर हत्या करने के आरोपियों को फांसी की सजा दिए जाने की मांग की जाएगी।
एचसीएमएस के प्रधान डाॅ. बिजेंद्र ढांडा ने कहा कि ट्रेनी चिकित्सक से दुष्कर्म कर हत्या किए जाने की घटना से पूरे देश में रोष है। कोलकाता के आरजी कर मेडिकल कॉलेज और अस्पताल में 31 वर्षीय डॉक्टर के साथ हुई हैवानियत से पूरे देश में गुस्सा है। इस घटना ने देश को झकझोर कर रख दिया है। डिप्टी एमएस डाॅ. राजेश भोला ने कहा कि चिकित्सक को भगवान का दर्जा दिया जाता है, लेकिन कुछ लोग उन पर हमला करने से भी गुरेज नहीं करते हैं। उपचार के दौरान चिकित्सक अपना सौ प्रतिशत देने का कार्य करता है। चिकित्सक का एक ही प्रयास होता है कि वह किस न किसी तरह से मरीज को बचा ले। ऐसे में लोगों को चिकित्सकों के प्रति अपनी सोच को बदलना होगा। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य देखभाल सुविधाओं और व्यक्तिगत के खिलाफ हिंसा को रोकने के लिए एक सख्त केंद्रीय कानून बनाया जाना चाहिए। ऐसे जघन्य कृत्यों के के खिलाफ तत्काल कार्रवाई हो। चिकित्सक हत्यारों को तुरंत प्रभाव से गिरफ्तार कर फांसी की सजा देने की मांग की।