कार्यक्रम को संबोधित करते सांसद रमेश कौशिक। संवाद
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सफीदों। सोनीपत के सांसद रमेशचंद्र कौशिक ने कहा कि प्रदेश ने बिजली के क्षेत्र में पिछले सात वर्ष में अभूतपूर्व तरक्की की है। आज प्रदेश में सरप्लस बिजली उपलब्ध है। यही कारण है कि वह राज्य के छह हजार गांवों में 24 घंटे बिजली उपलब्ध करवाने में सफल हुए हैं। रमेश कौशिक शुक्रवार को आजादी के अमृत महोत्सव के तहत बिजली निगम द्वारा आयोजित उज्ज्वल भारत उज्ज्वल भविष्य कार्यक्रम में बतौर मुख्यातिथि संबोधित कर रहे थे। कौशिक ने कहा कि बिजली किसी भी राष्ट्र के विकास की धूरी होती है। औद्योगिकरण तथा विकास बिजली से ही संभव है। पिछले सात साल में सरकार ने बिजली उपभोक्ताओं को राहत देते हुए दो बार बिजली की दरों में कटौती की है। उन्होंने कहा कि वर्ष 2014 में देश में लगभग अढ़ाई लाख मेगावाट बिजली उपलब्ध थी। आज 4 लाख मेगावाट बिजली देश में उपलब्ध है और यह हमारी मांग से भी कहीं अधिक है। उसी का नतीजा है कि आज हम विदेशों में भी बिजली निर्यात कर रहे हैं।
सौर ऊर्जा की तरफ भी बढ़ाना होगा रुझान
सांसद ने कहा कि हमें केवल मात्र बिजली पर ही आधारित नहीं रहकर सौर उर्जा की तरफ भी रुझान करना आवश्यक हैै। अपने कार्यों की प्रतिपूर्ति के लिए सौर ऊर्जा काफी मददगार साबित होगी। उन्होंने कहा कि क्षेत्र के विकास के लिए सड़क तंत्र का मजबूत होना जरूरी है। जींद जिला को सात-सात नेशनल हाईवे के साथ जोड़ा गया है, जिससे जिला को विकास के क्षेत्र में और मजबूती मिलेगी। उन्होंने कहा कि आने वाले समय में बहुत सारे यातायात साधन बिजली के होंगे और लोगों को बिजली की बचत के संसाधनों को भी अपनाना चाहिए। सांसद ने कहा कि प्रदेश में मुख्यमंत्री मनोहर लाल के नेतृत्व में अनेक नए पावर हाउस बनाए गए हैं तथा बिजली की नई लाइनें बिछाई गई है। लाइन लॉस को कम करके उपभोक्ताओं को इसका फायदा दिया गया है। पेट ट्रांसफार्मर के जरिए ढाणियों में रह रहे परिवारों को घरेलू बिजली उपलब्ध करवाई गई है। इस कार्यक्रम में स्कूली छात्राओं द्वारा सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए गए। कार्यक्रम में बिजली निगम की ओर से बड़ी एलईडी के माध्यम से बिजली क्षेत्र में देश और प्रदेश में हुए कार्यों पर बनी डॉक्यूमेंट्री फिल्म भी दिखाई गई।
इस मौके पर बिजली विभाग के एसई केडी बंसल, एसडीएम सत्यवान मान, निगम के कार्यकारी अभियंता बुद्धराम, नोडल अधिकारी सतीश पहल, पूर्व विधायक कलीराम पटवारी, अमरपाल राणा, ओपी पहल, संजय बिट्टा, सुरेश कौशिक, सक्षम भाटिया और राज सैनी मौजूद रहे।