हरियाणा के जींद शहर की राम कॉलोनी में पड़ोसी बच्चे के साथ लड़ाई होने पर एक व्यक्ति ने अपने 13 वर्षीय बच्चे को डांट दिया। इससे नाराज होकर बच्चा घर छोड़कर चला गया। जब रात को उसका पिता आया तो घर पर बच्चा नहीं मिला। परिवार ने बच्चे को आसपास और रिश्तेदारियों में ढूंढा, लेकिन उसका सुराग नहीं लगा।
अगले दिन दोपहर को बच्चे की मां के मोबाइल नंबर पर अज्ञात नंबर से फोन आया, महिला ने फोन उठाया तो सामने से उसका बेटा बोल रहा था। बेटे ने कहा कि वह मथुरा पहुंच गया है और उसने यहां काम भी ढूंढ लिया है।
इसके बाद बच्चे ने फोन काट दिया। हालांकि बच्चा गुम होने के दो दिन बाद रविवार रात 11 बजे सकुशल घर पहुंच गया। वह दो दिन रोहतक स्टेशन पर ठहरा और मांगकर उसने अपना पेट भरा। सिविल लाइन थाना पुलिस ने इस मामले में गुमशुदगी का मामला दर्ज कर लिया था।
राम कॉलोनी के व्यक्ति कयूम ने सिविल लाइन थाना पुलिस को दी शिकायत में बताया कि वह जूस की दुकान चलाता है। 20 जनवरी शाम चार बजे वह घर आया तो उसका बेटा जो कि चौथी कक्षा में पढ़ता है, वह पड़ोसी बच्चे के साथ झगड़ा कर रहा था। इस पर उसने अपने बेटे को डांट दिया और फिर दुकान पर चला गया।
वह रात लगभग नौ बजे घर आया तो उसका बेटा घर नहीं था। उसने पड़ोसियों से पूछा तो कहीं भी उसका सुराग नहीं लगा। जब अगले दिन वे बच्के को शहर में ढूंढ रहे थे तो उसकी पत्नी के मोबाइल फोन पर अज्ञात कॉल आई, जिसमें उसका बेटा बोल रहा था।
बेटे ने बताया कि वह मथुरा पहुंच गया है और वह यहीं काम करेगा और उसने काम भी ढूंढ लिया है। राजस्थान के जिला सीकर निवासी संदीप ने बताया कि बच्चे ने उससे ही फोन मिलवाया था। वह पुरानी दिल्ली स्टेशन पर मिला था और उसको टीटी ने पकड़ा हुआ था। इसके बाद वह ट्रेन में बैठकर वहां से आ गया था। बच्चा अकेला ही था।
पुलिस ने बच्चे के पिता की शिकायत पर गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कर ली थी, लेकिन बच्चा रविवार रात 11 बजे खुद ही सकुशल अपने घर पहुंच गया।
-एचसी वीरेंद्र, जांच अधिकारी, सिविल लाइन थाना जींद।