जाखल-जींद रेल मार्ग पर नरवाना व घासो गांव के बीच जींद के फायर ब्रिगेड कर्मचारी की मालगाड़ी की चपेट में आने से मौत हो गई। जीआरपी इसे आत्महत्या बता रही है। मृतक की जेब से एक सुसाइड नोट मिला है जिसमें उसने अपने विभाग के तीन कर्मचारियों पर आत्महत्या के लिए मजबूर करने का आरोप लगाया है।
रेलवे पुलिस ने मृतक के भाई के बयान और सुसाइड नोट को आधार बनाकर उसके तीन सहकर्मियों के खिलाफ आत्महत्या के लिए मजबूर करने के आरोप में मामला दर्ज किया है।
सोमवार दोपहर में नरवाना रेलवे पुलिस को सूचना मिली कि एक व्यक्ति ने गांव घासो के रेलवे स्टेशन पर आत्महत्या कर ली है। रेलवे पुलिस ने मृतक की पहचान गांव घासो निवासी बलराज (50) के रूप में की। बलराज फायर ब्रिगेड जींद में कार्यरत था। उसकी जेब से सुसाइड नोट मिला, जिसमें उसने लिखा है कि वह फायर ब्रिगेड में कार्यरत है। पांच वर्ष पहले उसका एसीपी लगना था। उसी के विभाग के कर्मचारी एफएम मामनराम व रामभगत तथा एएफएसओ देवी प्रसन्न ने उसकी डीसी को गलत शिकायत करके एसीपी कटवा दिया। इससे वह मानसिक रूप से परेशान था। रेलवे पुलिस ने मृतक के भाई बलजीत के बयान और सुसाइड नोट को आधार मानकर तीनों कर्मचारियों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। रेलवे चौकी प्रभारी चरणजीत सिंह चोपड़ा ने बताया कि फायर ब्रिगेड के तीन कर्मचारियों के खिलाफ जींद रेलवे थाने में मामला दर्ज कर लिया गया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है। शव का पोस्टमार्टम करवाकर परिजनों को सौंप दिया।