ोजेएनडी31 : पत्रकारों से बात करते सरदार गुरनाम सिंह चडुनी।
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केंद्र सरकार द्वारा लाए गए कृषि कानूनों का किसान विरोध करते हैं। इसको लेकर 25 अक्तूबर को किसान सफीदों में रावण दहन की बजाए प्रधानमंत्री, गृहमंत्री और मुख्यमंत्री का पुतला दहन करेंगे। यह बात भाकियू के प्रदेशाध्यक्ष सरदार गुरनाम सिंह चढ़ूनी ने मंगलवार दोपहर को खानसर चौक स्थित गुरुद्वारा साहिब पहुंचे के बाद किसानों के साथ बैठक में कही।
उन्होंने कहा कि नए कृषि कानूनों में कहीं पर भी एमएसपी का जिक्र नहीं किया गया है, लेकिन सरकार किसानों को एमएसपी के नाम पर गुमराह कर रही है। किसानों का कर्ज माफ करने के नाम पर सरकार घाटे में चली जाती है और बड़े औद्योगिक घरानों का कर्ज माफ कर दिए हैं। सरकार ने एक ऑटो मोबाइल कंपनी का 5 लाख करोड़ रुपये का कर्ज माफ कर दिया है। उन्होेेंने कहा कि 14 अक्टूबर को नारायणगढ़ में जिस किसान की हार्ट अटैक से मौत हुई, उस पर भी झूठा केस दर्ज किया गया। चढ़ूनी ने कहा कि 29 अक्तूबर को अनाज मंडी मोहड़ा (अंबाला) में किसान महापंचायत आयोजित की जाएगी, जिसमें कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए जाएंगे। इसके अलावा 5 नवंबर को किसान नीलोखेड़ी में नेशनल हाईवे जाम करेंगे। इस मौके पर किसान नेता लीलूराम, राधेश्याम, बलविंद्र सिंह, गगनदीप सिंह और अजय राणा मौजूद थे।