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रिकार्ड को सील नहीं करने पर किसानों ने पेगां पैक्स को लगाया ताला

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पेगां पैक्स को ताला लगाने वाले किसानों को समझाते थाना प्रभारी। - फोटो : Jind
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संडील गांव के किसानों ने मंत्री के आदेशों के बाद भी पुलिस द्वारा रिकार्ड को सील नहीं करने से आहत होकर शुक्रवार को पेगां पैक्स पर ताला जड़ दिया। किसानों द्वारा पैक्स को ताला जड़ने की सूचना मिलते ही अलेवा थाना प्रभारी संजय कुमार तथा नगूरां चौकी प्रभारी महेंद्र सिंह मौके पर पहुंचे तथा किसानों के सामने संडील गांव के रिकार्ड को सील कर किसानों को समझाकर करीब एक घंटे से पैक्स पर लगे ताले को खुलवा दिया।
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संडील निवासी बलजीत, रामफल, श्रीपाल आदि किसानों ने बताया कि जिला परिवेदना समिति की बैठक में मंत्री ने साफ तौर से पुलिस को रिकार्ड सील करने की हिदायत दी थी, लेकिन पुलिस द्वारा रिकार्ड को सील नहीं कर कर्मचारियों को बचाने का प्रयास किया जा रहा है। कर्मचारियों द्वारा मामले से बचने के लिए संडील गांव के रिकार्ड के साथ छेड़खानी की जा रही है। इसके चलते पूरी जांच पर सवालिया निशान लग रहे हैं। कर्मचारियों द्वारा शुक्रवार को रिकार्ड के साथ पैक्स कर्मियों द्वारा छेड़छाड़ की भनक लगते ही किसानों ने मौके पर पहुंचकर पैक्स पर ताला जड़ दिया। थाना प्रभारी ने किसानों के साथ हुई गड़बड़ी में पुलिस द्वारा उचित कार्रवाई करने का आश्वासन देकर व रिकार्ड सेफ जगह रखवाने पर किसानों को ताला खोलने पर सहमत किया।
बड़े कर्मचारियों को बचाने के किए जा रहे प्रयास
किसानों ने कहा कि इस घोटाले में बड़े अधिकारियों के फंसने की आशंका के चलते कर्मचारियों द्वारा उनके गांव के रिकार्ड के साथ छेड़खानी कर सबूतों को नष्ट करने का प्रयास किया जा रहा है। कर्मचारियों द्वारा पिछली तारीखों में किसानों के कर्जे को भरकर पाक साफ बनने की कोशिश हो रही हैं, आए दिन उनके सामने मामले उजागर हो रहे हैं।
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पैक्स समिति की चुप्पी भी संदेह के घेरे में
किसानों ने बताया कि पैक्स समिति को पहले भी मामले का पता था, लेकिन समिति सदस्यों ने इससे पहले भी विभाग के उच्च लेवल के अधिकारियों के साथ मिलकर उक्त किसानों के रुपये जमा करवाकर मामला दबा दिया था। अगर समिति पहले ही मामले को लेकर दोषी कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई करती तो आज इन किसानों को यह परेशानी नहीं होती।

पेगां पैक्स पर ताला लगाते किसान।- फोटो : Jind

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