सफीदों के निजी अस्पताल उपचाराधीन किसान लखमी।
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सफीदों। गांव खेड़ा खेमावती में एक किसान ने आढ़ती के सारे पैसे लौटा दिए लेकिन उसके प्लॉट के कागजात देने से आढ़ती ने मना कर दिया। इससे परेशान होकर किसान ने जहरीला पदार्थ निगल लिया। किसान को गंभीर हालत में एक निजी अस्पताल में दाखिल करवाया गया है। सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची। फिलहाल किसान के होश में आने के बाद ही पुलिस कार्रवाई करेगी।
गांव खेड़ा खेमावती निवासी 60 वर्षीय किसान लखमी के भाई वेदप्रकाश तथा उसके बेटे संजीव ने बताया कि वह लोग छह एकड़ में खेती करते हैं। गांव के ही एक आढ़ती के पास उनका लेनदेन होता है। दिसंबर 2019 में लखमी ने आढ़ती से एक लाख रुपये दो रुपये प्रति सैकड़ा के हिसाब से ब्याज पर लिए थे। इससे पहले भी उनका कुछ हिसाब-किताब आढ़ती के पास बकाया था। जब आढ़ती ने एक लाख रुपये दिए तो बदले में 150 वर्ग गज के प्लाट की रजिस्ट्री अपने पास रख ली थी। अब फसल बेचने के बाद लखमी ने अपना हिसाब-किताब करने के बाद तीन रुपये आढ़ती को दे दिए और अपने प्लाट के कागजात वापस मांगे। इस पर आढ़ती ने कागजात देने से मना कर दिया और कहा कि उसकी राशि साढ़े चार लाख रुपये बनती है।
संजीव ने कहा कि उनकी राशि तीन लाख रुपये बनती है लेकिन आढ़ती ने प्लॉट को हड़पने के लिए ब्याज पर ब्याज लगाया और राशि को साढ़े चार लाख रुपये बना दिया। उसके पिता की आढ़ती के साथ कहासुनी भी हुई और आढ़ती ने रविवार को ही उनके प्लॉट पर ताला जड़ दिया। रविवार शाम को जब उसका पिता लखमी आढ़ती के पास से लौटा तो वह बहुत परेशान था। रात को अचानक उसके पिता ने जहर निगल लिया। जब उनको पता चला तो उसके पिता को एक निजी अस्पताल में दाखिल करवाया गया। सदर थाना प्रभारी धर्मबीर का कहना है कि पीड़ित व्यक्ति के होश में आने के बाद पुलिस उसके बयान दर्ज करेगी। इसके बाद आगामी कार्रवाई की जाएगी।