इस दौरान सदस्यों ने प्रदेश सरकार का प्रतीकात्मक पुतला भी फूंका। जिला कमेटी सदस्य दिनेश डाहोला ने बताया कि सरकार पूरा व्यवस्थित ढंग से सरकारी स्कूलों को बंद करने पर तुली हुई है। सरकार की पूरी साजिश है इसके तहत देश की मेहनत करने वाली जनता के बच्चों के शिक्षा से वंचित करना है। 120 स्कूलों को सरकार ने बंद भी कर दिया है। यह सरकार की गरीब विरोधी और शिक्षा विरोधी नीति को साफ-साफ दर्शाता है, जिसे भारत की जनवादी नौजवान सभा बर्दाश्त नहीं करेगी। उन्होंने सरकार से मांग की कि तुरंत प्रभाव से सरकारी स्कूलों में अध्यापकों की कमी को स्पेशल भर्ती करके पूरा किया जाए। सरकारी स्कूलों में बच्चों के लिए पीने का साफ पानी और बाथरूम की सुविधा उपलब्ध कराई जाए। सरकारी स्कूलों में अन्य स्टाफ की भर्ती भी सुनिश्चित की जाए ताकि अध्यापकों का समय सिर्फ बच्चों को शिक्षित करने में लगे ना कि रिपोर्ट तैयार करने में, मर्ज के नाम पर बंद किए स्कूलों को तुरंत प्रभाव से खोला जाए।