संवाद न्यूज एजेंसी
जींद। शहर की चाबरी कॉलोनी स्थित आंगनबाड़ी केंद्र में बच्चों को दिए जाने वाले पोषण आहार में लापरवाही और राशन के दुरुपयोग का मामला सामने आया है। केंद्र के स्टोर में 10-12 दूध पाउडर के पैकेट और आठ खीर मिक्स के पैकेट ऐसे पैकेट मिले, जिन पर जनवरी, मई और पांच अक्तूबर 2026 की एक्सपायरी तिथि दर्ज थी।
मामला सामने आने के बाद जिला कार्यक्रम अधिकारी सीमा रोहिल्ला ने सीडीपीओ सुमन को जांच सौंपी है। उन्होंने कहा कि आरोपों की पुष्टि होने पर संबंधित कर्मचारियों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
शहर के वार्ड-23 के पार्षद बलवंत सिंह ने बताया कि उन्हें कई दिनों से केंद्र में बच्चों को उचित पोषण आहार नहीं मिलने और राशन के कथित दुरुपयोग की शिकायतें मिल रही थीं मंगलवार दोपहर वह स्थानीय लोगों के साथ केंद्र पहुंचे लेकिन वहां ताला लगा हुआ था। इसके बाद सहायिका सुरेश देवी को बुलाकर केंद्र खुलवाया गया।
निरीक्षण के दौरान स्टोर में दूध पाउडर और खीर मिक्स के पैकेटों पर पांच अक्तूबर 2026 की एक्सपायरी तिथि दर्ज मिली। रसोई के कचरे में पड़े खाली पैकेटों पर भी यही तारीख लिखी हुई थी। इससे एक्सपायरी सामान से खीर तैयार किए जाने की आशंका जताई गई। इसके अलावा स्टोर में जनवरी और मई में एक्सपायर हो चुके पैकेट भी मिले।
सहायिका बोली-पांच कट्टे चावल आए, तीन घर ले गईं वर्कर
चाबरी कॉलोनी निवासी सहायिका सुरेश देवी ने आरोप लगाया कि पिछले सप्ताह आंगनबाड़ी केंद्र में बच्चों के लिए चावल के पांच कट्टे आए थे। इनमें से तीन कट्टे आंगनबाड़ी वर्कर नरेश देवी अपने घर ले गईं जबकि दो कट्टे केंद्र में रखे हुए हैं। सहायिका का आरोप लगाया कि एक्सपायरी दूध पाउडर और खीर मिक्स से कई दिनों से खीर बनवाई जा रही थी। उसने इस पर आपत्ति जताई थी लेकिन उनकी बात नहीं सुनी गई। हालांकि, इन आरोपों की पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही हो सकेगी।
उन पर लगाए गए आरोप बेबुनियाद
आंगनबाड़ी वर्कर सुरेश देवी का कहना है कि उन पर लगाए गए आरोप बेबुनियाद है। चावल के बैग घर ले जाने वाली बात गलत है। बाकी जांच के बाद सब साफ हो जाएगा।
वर्जन
मामला संज्ञान में आते ही सीडीपीओ सुमन को मौके पर जांच के लिए भेजा गया। एक्सपायरी सामान के इस्तेमाल और राशन के कथित गबन की पुष्टि होने पर संबंधित वर्कर और सुपरवाइजर के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। -सीमा रोहिला, डीपीओ, महिला एवं बाल विकास जींद