सुनील कपूर के अनुसार यह वीडियो दुकान के एक नियमित ग्राहक द्वारा ही बनाई गई है। इस दुकान पर प्रतिदिन करीब 50 से अधिक लोग यह दवा लेते हैं। सभी को दो-दो बोतल ही दी जाती हैं।
जांच के दौरान नहीं मिला केमिस्ट
वहीं यह मामला सामने आने के बाद स्वास्थ्य विभाग के औषधि नियंत्रक मनदीप मान पुलिस के साथ गुरुवार को दुकान पर जांच के लिए पहुंचे। हालांकि दुकान में कोई भी प्रतिबंधित या नशे की दवा नहीं मिली, लेकिन कई सारी खामियां मिली। यहां तक कि दुकान पर केमिस्ट तक नहीं मिला। इस पर जांच की जा रही है। स्वास्थ्य विभाग के सूत्रों के अनुसार इस दौरान दुकान के बिल में भी कुछ खामियां मिली हैं।
बेची जा सकती है दवा
वहीं स्वास्थ्य विभाग के सूत्रों के अनुसार इस दवा में कोडिन है, जो नशे के लिए प्रयोग की जाती है। कोडिन युक्त दवा बेची जा सकती है, लेकिन चिकित्सक की सिफारिश पर ही दवा दी जा सकती है। साथ ही दवा का पूरा रिकॉर्ड भी रखना पड़ता है। कितनी मात्रा आई, कितनी बेची व कितना स्टॉक है। इस दुकान में
यह मामला संज्ञान में आया है। शिकायतकर्ता की शिकायत के आधार पर मामला औषधी नियंत्रक को सौंप दिया गया है। वही मामले की जांच करेंगे। -डॉ. जयभगवान जटान, सिविल सर्जन।