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फसल अवशेष न जलाएं, रेड जोन वाले 13 गांवों पर विशेष नजर : डीसी

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18जेएनडी11: अ​धिकारियों की बैठक लेते हुए डीसी मोहम्मद इमरान रजा। स्रोत प्रशासन
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जींद। उपायुक्त मोहम्मद इमरान रजा ने लघु सचिवालय के सभागार में बुधवार को फसल अवशेष प्रबंधन को लेकर सबंधित अधिकारियों की बैठक ली। उन्होंने सभी किसानों से आग्रह किया है कि धान के अवशेषों को जलाएं नहीं, इससे वातावरण प्रदूषित होता है। किसान या तो धान अवशेषों को मशीनरी की सहायता से मिट्टी में मिश्रित कर दें या स्ट्रा बेलर से पराली की बेल बनवा लें।
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उन्होंने कहा कि धान के अवशेषों को जलाने से हवा दूषित होती है और ये दूषित हवा हमारे ही नहीं बल्कि आने वाली पीढ़ियों के लिए भी खतरनाक है। आज आप जो कुछ भी प्रकृति को दोगे वो दोगुना करके आपको वापस लौटाएगी और ये आप पर निर्भर करता है कि आप उसे क्या दे रहे हैं। उन्होंने कहा कि फसल अवशेष जलाने से भूमि की उपजाऊ शक्ति कम होती है। भूमि की उपरी सतह पर उपस्थित लाभदायक जीवाणु नष्ट हो जाते हैं। इसके साथ साथ हानिकारक गैसों का उत्सर्जन होता है, इससे पर्यावरण दूषित होता है व मनुष्य के स्वास्थ्य पर कुप्रभाव पड़ता है। उन्होंने कहा कि पराली को जलाने से भूमि में मौजूद कई उपयोगी बैक्टीरिया व कीट नष्ट हो जाते हैं। वहीं, मिट्टी की जैविक गुणवत्ता भी प्रभावित होती है। एक टन पराली जलाने से भूमि के पोषक तत्वों नाइट्रोजन 5.5 किलोग्राम, सल्फर 12 किलोग्राम, पोटाश 2.3 किलोग्राम, ओर्गेनिक कार्बन-400 किलोग्राम के अनुसार हानि होती है। उन्होंने कहा कि पराली जलाने के मामले में अति संवेदनशील गांवों पर विशेष निगरानी रखी जाए। इसके अलावा कृषि विभाग, ग्राम सचिव और पटवारियों की ग्राम स्तर पर टीमें बनाई जाएं, जो किसानों को फसल अवशेष न जलाने और पराली प्रबंधन के फायदों के बारे में जागरूक करेंगे।
कृषि उप-निदेशक सुरेंद्र सिंह ने बताया कि जिले के जो 13 गांव रेड जोन में हैं, उन पर विशेष ध्यान दिया जाएगा। इनमें अलेवा, श्रीरागखेड़ा, दनौदा कलां, धमतान साहिब, उझाना, रसीदां, उझाना, जयपुर, मुआना, अलिपुरा, बडनपुर, करसिंधु गांव शामिल हैं। इस अवसर पर जिला राजस्व अधिकारी राजकुमार, जिला विकास एवं पंचायत अधिकारी संदीप भारद्वाज, एएई विजय कुंडू, एसडीओ बलजीत सिंह मौजूद थे। इसके अलावा नरवाना एसडीएम दलजीत सिंह, जुलाना एसडीएम अनिल कुमार दून, सफीदों एसडीएम मनीष फोगाट वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से बैठक में जुड़े।
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