पंजाब सीमा से सटे धनौरी गांव में लोगों ने अधिकारियों पर बाहरी लोगों को पैसा देने के आरोप लगाते हुए देर शाम हंगामा कर दिया। इस बैंक कर्मचारियों ने बैंक को अंदर से बंद किया और पुलिस ने मौके पर पहुंचकर मामला शांत किया।
ग्रामीणों का आरोप है कि छुट्टी होने के बाद लगभग शाम पांच बजे एक व्यक्ति बैंक में आया। जब ग्रामीणों ने उससे बैग चेक करवाने को कहा तो उसने मना कर दिया। इस पर ग्रामीणों को बैंक कर्मचारियों पर नोट बदलने का आरोप लगाया और ग्रामीणों ने इसकी सूचना पुलिस को दी।
ग्रामीणों का रोष इतना बढ़ गया कि देर रात तक बैंक के बाहर जमे रहे और कर्मचारी बैंक के अंदर बंद रहे। ग्रामीणों को आरोप है कि संदिग्ध व्यक्ति रुपये बदलने के लिए आया था और इसमें बैंक मैनेजर की मिलीभगत है। सूचना मिलते ही गढ़ी थाना पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति का जायजा लिया। ग्रामीणों का कहना है कि व्यक्ति करीब पांच बजे कार में सवार होकर गांव के ओबीसी में आया था। लेकिन वह करीब छह बजे बैंक से निकला। इस दौरान ग्रामीणों ने उसे रोक लिया और इसकी सूचना पुलिस को दी। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर अज्ञात व्यक्ति को गढ़ी थाने में ले आई। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
देर रात तक एसडीएम किरण कुमार व एसएचओ रवीश कुमार मौके पर पहुंचकर लोगों को समझने की कोशिश में लगे रहे। ग्रामीणों की मांग है कि जब तक इस मामले की पूरी कार्रवाई नहीं होती उनका विरोध जारी रहेगा। यहां देर रात पथराव भी हुआ, जिसमें एक पुलिसकर्मी घायल हुआ है। हालांकि, पुलिस इससे मना कर रही है।
खनौरी ओबीसी शाखा से कर्मचारी यहां काम करने आया था, लेकिन लोगों को शक हुआ कि वह पैसे बदलवा रहा है। मामला शांत हो गया है। कोई पथराव नहीं हुआ।
रवीश कुमार, गढ़ी थाना प्रभारी