हांसी रोड पर टेंडरी मोड़ के पास एक व्यक्ति से फिल्मी अंदाज में बंदूक के बल पर गाड़ी छीनने के प्रयास का मामला सामने आया है। घटना के समय उक्त व्यक्ति के साथ गाड़ी में उसकी बीमार पत्नी, उसकी मां और बच्चे भी थे। सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और मामले का संज्ञान लिया।
निडानी वासी नरेश ने पुलिस को दी शिकायत में आरोप जड़ा कि शुक्रवार दोपहर बाद वह जींद के एक निजी अस्पताल से अपनी बीमार पत्नी को उसके मायके छोड़ने के लिए जा रहा था। जैसे ही वह जींद से हांसी रोड पर रेलवे ओवरब्रिज को पार कर वीटा मिल्क प्लांट से आगे पहुंचा तो पहले से खड़े युवकों ने उसकी कार को रुकवा ली। पीड़ित ने बताया कि कार रुकवाने वालों ने पहले कहा कि इस कार में जीपीएस सिस्टम लगवाने की कहते हुए गाड़ी खुलवा ली और बाद में उक्त युवकों उसे घटनास्थल के पास स्थित एक गोदाम में बंदूक के बल पर ले गए, जहां उससे कार छीनने का प्रयास किया गया। लेकिन उसने कार बंद कर युवकों को चाबी देने से मना कर दिया। पीड़ित ने बताया कि युवकों ने उसकी बीमार पत्नी के साथ-साथ परिवार के अन्य सदस्यों को काफी देर तक कार में ही बंधक बनाए रखा। इस दौरान उसकी बीमार पत्नी की हालत और बिगड़ गई। जिसकी सूचना उसने पुलिस को दी।
गाड़ी पर है फाइनेंस
पुलिस के अनुसार निडानी गांव वासी नरेश का सोनीपत निवासी पंकज के साथ पैसों का लेनदेन था। नरेश ने बताया है कि पंकज ने उसको स्वीफ्ट डिजायर कार दी थी। कार देने के समय पंकज ने उसे कहा था कि कार पर किसी प्रकार का फाइनेंस नहीं है। जबकि कार फाइनेंस पर मिली और पंकज ने फाइनेंस का पैसा भी नहीं चुकाया गया। नरेश का कहना है कि गाड़ी पर फाइनेंस का पता चलते ही उसने पुलिस को शिकायत दी थी। जिसकी जींद सीआईए की टीम जांच कर रही है।
निडानी वासी ने पुलिस को बंधक बनाकर गाड़ी लूटने के बारे में सूचना दी थी। जिस आधार पर टीम मौके पर पहुंची। लेकिन पुलिस के पहुंचने से पहले आरोपी फरार हो गए थे। मामले की जांच व गाड़ी चालक के बयान दर्ज करने के लिए गाड़ी को पुलिस थाना लेकर आई और अज्ञात लोगों के खिलाफ केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
विरेंद्र, जांच अधिकारी थाना सदर जींद।