विजिलेंस विभाग की टीम ने खराब ट्रांसफार्मर बदलने की एवज में रिश्वत ले रहे बिजली निगम के जेई को रंगे हाथों काबू किया है।
टीम ने आरोपी जेई के कब्जे से रिश्वत के तौर पर लिए दो हजार रुपये की नकदी को भी बरामद कर लिया।
पुलिस ने जेई के खिलाफ भ्रष्टाचार निरोधक अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर गिरफ्तार किया है। गांव हसनपुर निवासी मनोज ने विजिलेंस कार्यालय में दी शिकायत में बताया कि उसका खेतों का ट्रांसफार्मर लगभग 15 दिन पहले खराब हो गया था।
वह नगूरां बिजली निगम में तैनात जेई राजेंद्र से मिला तो उसने ट्रांसफार्मर बदलने की एवज में दो हजार रुपये की डिमांड की।
शिकायत मिलने पर बीडीपीओ अरविंद मलिक को ड्यूटी मजिस्ट्रेट नियुक्त किया। शिकायतकर्ता मनोज को दो हजार रुपये की नकदी हस्ताक्षरयुक्त दे दी। योजना के मुताबिक शिकायतकर्ता ने नगूरां बिजली निगम कार्यालय में दो हजार रुपये की रिश्वत जेई राजेंद्र सिंह को दे दी।
इशारा मिलते ही विजिलेंस की टीम ने उसके रिश्वत के पैसे सहित काबू कर लिया। विजिलेंस विभाग ने जेई राजेंद्र के खिलाफ भ्रष्टाचार निरोधक अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर गिरफ्तार कर लिया है।