फोटो 22जेएनडी16-दिल्ली कूच करने पर पुलिस हिरासत में लिए गए कांग्रेसी। स्रोत कार्यकर्ता
जींद। कांग्रेस के शीर्ष नेतृत्व के आह्वान पर छात्रों के समर्थन में दिल्ली कूच कर रहे कांग्रेस नेता प्रमोद सहवाग और अन्य कार्यकर्ताओं को पुलिस ने बीच रास्ते हिरासत में ले लिया। हिरासत में लिए जाने के बाद सहवाग ने पुलिस कार्रवाई का विरोध करते हुए इसे लोकतांत्रिक अधिकारों का हनन बताया। प्रमोद सहवाग ने कहा कि लोकतंत्र में शांतिपूर्ण ढंग से अपनी बात रखना प्रत्येक नागरिक का संवैधानिक अधिकार है। उन्होंने आरोप लगाया कि दिल्ली में अपनी मांगों को लेकर प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर पुलिस ने बल प्रयोग किया। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार जनता की आवाज सुनने के बजाय उसे दबाने का प्रयास कर रही है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस पार्टी अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे, नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी और प्रियंका गांधी के नेतृत्व में छात्रों को न्याय दिलाने के लिए संघर्ष जारी रखेगी। उन्होंने दावा किया कि किसानों, महिलाओं और युवाओं से जुड़े मुद्दों पर सरकार का रवैया जनविरोधी रहा है और जनता इसका जवाब देगी। पुलिस ने विकास लोहान, अजमेर रेढू, बलराज कंडेला, जयदीप, जितेंद्र कुहाड़, संदीप तुर, सौरभ भटनागर, राहुल खौखरी, बलराम नैन, सोनू घणघस, आशीष देशवाल, नरेश भनवाला, विकास पौड़िया, विकास पवार, मंजीत, प्रवेश लाठर, बसंत अहलावत, हन्नी जैन को हिरासत में लेकर सिविल लाइन पुलिस थाना लाया गया। संवाद