प्राचीन जयंती देवी मंदिर में 12वीं सदी की दो मूर्ति चोरी होने के मामले में एसडीएम योगेश मेहता व शहर थाना प्रभारी तेजबीर दहिया ने मंदिर परिसर का निरीक्षण किया। जयंती देवी मंदिर समिति के चेयरमैन एवं एसडीएम ने मंदिर से चोरी हुई मूर्तियों के बारे में पूरी जानकारी हासिल की। इस दौरान जिला प्रशासन के टेक्निकल स्टाफ को मंदिर में बुलाकर परिसर में सीसीटीवी कैमरे लगाने के तुरंत ही निर्देश दिए।
इस दौरान मंदिर में उन जगहों का भी चयन किया गया जहां पर सीसीटीवी कैमरे लगाए जाए और कैमरों की नजर में मंदिर का पूरा हिस्सा आ सके। सीसीटीवी कैमरे लगाने के लिए मंदिर के लगभग एक दर्जन स्थानों को चिन्हित किया गया।
शहर थाना प्रभारी तेजबीर दहिया के नेतृत्व में पुलिस की टीम ने पूरे मंदिर का निरीक्षण किया और चोरी की वारदात को सुलझाने के लिए बारीकी से घटना स्थल की जांच की गई। इस दौरान पुलिस ने चोरी की वारदात की कड़ियों को जोड़ने के लिए दूसरे दिन भी घटना स्थल से साक्ष्य जुटाए।
गौरतलब है कि मंगलवार की रात जयंती देवी मंदिर में कुषाण काल की मां भगवती व महीषासुर मर्दनी की दो मूर्तियां चोरी हो गई थी। इतिहासकारों के अनुसार यह दोनों ही मूर्तियां 12वीं सदी की थी और इनकी अंतर्राष्ट्रीय बाजार में कीमत काफी है। दो मूर्तियां चोरी होने के बाद मंदिर की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठने शुरू हो गए।
इस मंदिर की पूरी देखरेख जिला प्रशासन करता है, लेकिन उसके बावजूद भी सीसीटीवी कैमरे नहीं लगाए थे। मंदिर में चोरी की वारदात के बाद प्रशासन हरकत में आया और एसडीएम ने शुक्रवार को ही मंदिर का निरीक्षण करके सीसीटीवी कैमरे लगाने के निर्देश दिए।
शहर थाना प्रभारी तेजबीर दहिया ने बताया कि मंदिर का शुक्रवार को भी निरीक्षण किया है। चोरी की वारदात को जल्द ही सुलझा लिया जाएगा।