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पत्नी और बहन को अपशब्द कहने पर बोच ने की थी सिकंदर की हत्या

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मामले की जानकारी देते पुलिस अधिकारी। - फोटो : Jind
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सोनीपत जिले की बुटाना चौकी के दो पुलिसकर्मियों की हत्या के बाद पुलिस विभाग बदमाशों के प्रति एक्शन मोड में आ गया है। बदमाशों की धरपकड़ शुरू कर दी गई है। बुधवार को पुलिस ने सफीदों में सिकंदर बाबा की हत्या के मामले में छह लोगों को गिरफ्तार किया है। उनसे पुलिस पूछताछ में सामने आया है कि हिसार निवासी अजय उर्फ बोच की पत्नी और बहन के बारे में सिकंदर द्वारा अपशब्द बोलने पर सफीदों में बुलाकर हत्या कर दी थी।
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जानकारी के लिए सफीदों में 27 जून को चाकू और कोल्ड ड्रिंक की बोतलों से वार करके कार में सिकंदर बाबा की हत्या कर दी थी। आईपीएस अधिकारी अजीत सिंह शेखावत व शहर थाना प्रभारी देवीलाल नेे पत्रकारों से बातचीत में बताया कि हत्या के मामले में हिसार के भारत नगर निवासी अजय उर्फ बोच, अश्वनी उर्फ आशु, रॉकी उर्फ भांजा, सुमित उर्फ सनी, राजस्थान के चुरू जिले के गांव दनोठी निवासी संदीप नागर उर्फ कटप्पा व सफीदों के गांव कारखाना निवासी सुरेश उर्फ बिट्टू को गिरफ्तार कर लिया गया है। सभी को बुधवार को कोर्ट में पेश करके दो दिन के पुलिस रिमांड पर लिया गया है। आरोपी से पुलिस द्वारा एक रिवॉल्वर भी बरामद किया गया है, जोकि 20 जनवरी को हिसार से चोरी की गई थी।
पुलिस ने बताया कि हत्या के मुख्य आरोपी अजय उर्फ बोच पर हिसार में पहले भी हत्या, हत्या के प्रयास का केस दर्ज है। उक्त सभी आरोपियों से पुलिस रिमांड के दौरान वारदात में इस्तेमाल किया गया चाकू और बाइक बरामद करने का काम किया जाएगा।
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पुलिस के अनुसार सुरेंद्र उर्फ सिकंदर बाबा ने अपने साथी अजय उर्फ बोच के पास फोन किया था। जिसने फोन पर गाली-गलौज करते हुए उसकी पत्नी और बहन के बारे में आपत्तिजनक शब्दों का इस्तेमाल किया था। इसके बाद अजय बोच ने 25 जून को ही सुरेंद्र उर्फ सिकंदर बाबा की हत्या करने की योजना बनाई। एक दिन पहले ही वह सफीदों उपमंडल के गांव कारखाना में रुके। उन्होंने सुबह सुरेंद्र के पास फोन करके मकबरा पीर पर बुलाया।
मकबरा पीर से कुछ दूरी पर एक पीपल के पेड़ के नीचे कार में बैठाकर पहले उसे शराब पीने के लिए बोला गया, लेकिन सुरेंद्र ने मना कर दिया। इसके बाद उन्होंने सिकंदर बाबा पर चाकू और लेमन की बोतलों से वारकर मौत के घाट उतार दिया। हत्या के शव को कार में डालकर गांव कारखाना की तरफ चल दिए। जिनके आगे बाइक पर कारखाना निवासी अन्य युवक भी चल रहे थे। सभी आरोपियों की प्लानिंग थी कि शव को पहले कहीं ठिकाने लगाया जाए।
2012 में हिसार में हत्या कर चुका था सिकंदर
आईपीएस अजीत सिंह शेखावत ने बताया कि 2012 में तेलिया पुल के पास सिकंदर ने एक युवक की हत्या कर दी थी। हिसार थाना में सिकंदर पर हत्या, हत्या के प्रयास, लूट, फिरौती आदि के सात केस दर्ज थे। हत्या करने वाले अजय बोच भी हत्या के मामले में जमानत पर है। साथ ही सिकंदर उर्फ बाबा भी हत्या के मामले में जमानत पर चल रहा था। दोनों ही एक दूसरे को दोस्त मानते थे, लेकिन क्षेत्र में बदमाशी का नाम पाने के लिए एक-दूसरे से अंदर ही अंदर दुश्मनी भी रखते थे। क्योंकि अजय बोच ने ही सुरेंद्र उर्फ सिकंदर बाबा को हत्या के मामले मेें समझौता करवाया और उसमें हिसार छोड़ने की शर्त रखी थी।

बरामद किया गया पिस्तौल।- फोटो : Jind

पुलिस द्वारा पकड़े गए आरोपी।- फोटो : Jind

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