कोसली। बव्वा गांव में आर्य समाज की ओर से एक सम्मेलन आयोजित किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता आर्य समाज गाहाडा के प्रधान रामेश्वर दयाल आर्य ने की जबकि यह सम्मेलन बलबीर सिंह आर्य बव्वा की पुण्यतिथि के अवसर पर आयोजित किया गया।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि भाजपा जिलाध्यक्ष वंदना पोपली ने कहा कि भारत की आजादी में आर्य समाज और क्रांतिकारियों की महत्वपूर्ण भूमिका रही है।
उन्होंने कहा कि आज भी आर्य समाज राष्ट्र निर्माण और समाज सुधार के कार्यों में अग्रणी भूमिका निभा रहा है। वंदना पोपली ने कहा कि महर्षि दयानंद सरस्वती ने विश्व को आर्य बनाओ और घर-घर ओम ध्वज फहराओ का संदेश दिया था। उन्होंने वर्ष 1875 में आर्य समाज की स्थापना कर अंधविश्वास, पाखंड और सामाजिक कुरीतियों के खिलाफ अभियान चलाया।
स्वामी समर्पणानंद ने कहा कि भारत भूमि महान समाज सुधारकों की भूमि रही है जिनमें महर्षि दयानंद सरस्वती का योगदान अतुलनीय है। वे केवल एक धर्म सुधारक ही नहीं, बल्कि शिक्षा, नारी सम्मान और गो संरक्षण के अग्रदूत भी थे।
रविंद्र आशावादी ने कहा कि भगवान श्रीकृष्ण स्वयं गोवंश के पालनहार थे और महर्षि दयानंद सरस्वती ने विश्व की पहली गोशाला रेवाड़ी में स्थापित की थी। उन्होंने बताया कि रेवाड़ी में पहले गोरक्षक चौक का शिलान्यास कराने में विधायक लक्ष्मण यादव की अहम भूमिका रही थी।
मंच संचालन सत्यप्रकाश आर्य ने किया। इस अवसर पर जगफूल यादव (पूर्व उप जिला प्रमुख),रोशन लाल आर्य, सुनिता आर्य, नरेश यादव, रामतीर्थ (प्रधान आर्य समाज रेवाड़ी), सुरेश आर्य, सुनिता सरपंच व अन्य मौजूद रहे।