मुआवजा नहीं मिलने पर ग्यारह गांव के किसान चुनाव का करेंगे बहिष्कार
अमर उजाला ब्यूरो
जुलाना। जींद-रोहतक रोड फोर लेन परियोजना में अधिगृहित की गई जमीन जमीन का उचित मुआवजा नहीं मिलने पर शनिवार को 11 गांवों के किसानों ने मीटिंग की। किसानों ने कहा कि यदि उन्हें जल्द ही मुआवजा नहीं मिला तो लोकसभा चुनाव का बहिष्कार किया जाएगा। उन्होंने कहा कि दस माह पहले कुछ नेताओं ने आश्वासन दिया था कि एक माह में मुआवजा मिल जाएगा, लेकिन अभी तक नहीं मिला है।
शनिवार को कृष्ण ढांडा की अध्यक्षता में किलाजफरगढ़, जुलाना, बुढ़ाखेड़ा, किनाना, गोसाईं खेड़ा, गतौली, जैजैवंती, पोली, शादीपुर, ब्राह्मणवास, करसोला सहित 11 गांवों के किसानों ने मीटिंग की। कृष्ण ढांडा ने कहा कि 11 गांवों के करीब 150 किसानों की 100 एकड़ जमीन का जींद-रोहतक रोड को फोरलेन करने के लिए 2012 में अधिग्रहण किया गया था। इसका मुआवजा कम मिलने पर दस माह पहले आंदोलन शुरू किया गया, लेकिन कई नेताओं ने आश्वासन देकर आंदोलन को समाप्त करवा दिया था। उस समय आश्वासन दिया गया था कि एक माह में मुआवजा दिया जाएगा, लेकिन 10 माह का समय बीतने के बाद भी उनकी सुध नहीं ली गई। इस दौरान किसान ओमप्रकाश लाठर ने कहा कि अगर सरकार ने जल्द मुआवजा नहीं दिया तो फिर से आंदोलन करने के लिए मजबूर होंगे। इस मौके पर सतबीर, कर्ण सिंह, कन्या गुरुकुल के पूर्व प्रधान ओमप्रकाश लाठर, कुलदीप ढांडा, सूरजभान, महताब, परमेंद्र, राज और ईश्वर मौजूद रहे।