अमर उजाला ब्यूरो
जींद।
देश भर में एक जुलाई से शुरू हो रहे गुड्स एंड सर्विस टैक्स के प्रति जिले के व्यापारियों का रुझान काफी बढ़ा है। सरकार की ओर से 15 जून तक ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन के लिए पोर्टल खोला गया है। ऐसे में केवल वीरवार तक ही व्यापारी अपना पंजीकरण पोर्टल पर करवा सकेंगे। जिले में अब तक आठ हजार में से पांच हजार से अधिक व्यापारियों ने ऑनलाइन पंजीकरण कराया है।
गौरतलब है कि जिला के व्यापारी पहले जीएसटी में खास रुचि नहीं ले रहे थे, लेकिन एक जून से शुरू हुई नई पंजीकरण योजना में एक हजार से अधिक व्यापारियों ने अब तक पंजीकरण कराया है। हालांकि, अब भी करीब तीन हजार व्यापारी पंजीकरण के बिना बचे हैं, लेकिन इनमें से जीएसटी के दायरे में आने वाले व्यापारियों की संख्या कम ही है। दरअसल कराधान विभाग के अधिकारी वैट के तहत पंजीकृत व्यापारियों की संख्या के आधार पर गणना कर रहे हैं, जबकि जीएसटी में सालाना 20 लाख तक टर्नओवर करने वाले व्यापारियों को ही पंजीकरण कराना है। ऐसे में अधिकारियों की मानें तो अधिकतर व्यापारियों का पंजीकरण हो चुका है।
सरकार ने 20 लाख रुपये सालाना टर्नओवर तक का कारोबार करने वाले व्यापारियों को जीएसटी से बाहर रखा है। इसके हिसाब से अधिकतर व्यापारियों का पंजीकरण हो चुका है। पांच हजार का आंकड़ा मंगलवार तक का है, ऐसे दो दिन में करीब 200 व्यापारियों के और पंजीकरण करवाने की संभावना है।
सुरेंद्र कुमार, डीटीसी।
जीएसटी : पांच हजार से अधिक ने कराया ऑनलाइन पंजीकरण, आज अंतिम दिन
अधिकारी बोले, अधिकतर व्यापारियों का हो चुका है रजिस्ट्रेशन