जींद। जींद। युवाओं के भीतर अपने भविष्य को लेकर स्पष्ट विजन होना चाहिए। उन्हें सकारात्मक सोच के साथ अपने विचारों को धरातल पर उतारने के लिए आत्मविश्वास और दृढ़ संकल्प से प्रयास करना चाहिए। यह बात सहकारिता एवं जेल मंत्री अरविंद शर्मा ने सोमवार को चौधरी रणबीर सिंह विश्वविद्यालय में सेवा संकल्प अभियान के तहत आयोजित एक दिवसीय कार्यशाला के शुभारंभ पर कही।
सेवा फर्स्ट इनोवेशन चैलेंज के तहत आयोजित कार्यशाला और प्रदर्शनी में करीब 700 विद्यार्थियों की सहभागिता से तैयार लगभग 250 मॉडल प्रदर्शित किए गए। विद्यार्थियों ने इन मॉडलों के माध्यम से अपनी रचनात्मक सोच, नवाचार और तकनीकी कौशल का प्रदर्शन किया। प्रदर्शनी में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया।
कैबिनेट मंत्री अरविंद शर्मा ने कहा कि युवाओं में सही फैसले लेने का आत्मविश्वास होना चाहिए। उन्हें अपने अधिकारों के प्रति जागरूक रहने के साथ समाज की उन्नति में भी योगदान देना चाहिए। विद्यार्थियों को अपने विचारों और नवाचारों के प्रदर्शन के लिए उचित मंच मिलना जरूरी है, ताकि उनकी प्रतिभा समाज और राष्ट्र के लिए उपयोगी साबित हो सके। सामूहिक प्रयास, सकारात्मक सोच और नवाचार से समाज की विभिन्न समस्याओं के व्यावहारिक समाधान तलाशे जा सकते हैं।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विकसित भारत के सपने को साकार करने में युवाओं की भूमिका अहम है। युवाओं को व्यक्तिगत हितों के साथ देश की उन्नति को भी प्राथमिकता देनी चाहिए। सेवा संकल्प अभियान के तहत 17 सितंबर से 17 अक्तूबर तक विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए गए।
इसी क्रम में राष्ट्रीय स्तर पर सेवा फर्स्ट इनोवेशन चैलेंज चलाया जा रहा है, जो 31 दिसंबर तक जारी रहेगा। इसका उद्देश्य लोगों के हुनर, ज्ञान और राष्ट्रहित में उपयोगी विचारों को व्यापक मंच प्रदान करना है।
कार्यक्रम के सह-संयोजक अमरपाल राणा ने कहा कि युवाओं की ऊर्जा, रचनात्मक सोच और सहभागिता देश को विकास के नए आयामों तक ले जा सकती है। शिक्षा, तकनीक, पर्यावरण संरक्षण, कृषि और स्वास्थ्य जैसे क्षेत्रों में उनके नए विचार उपयोगी समाधान देने के साथ रोजगार और स्वरोजगार के अवसर भी बढ़ा सकते हैं।
कार्यक्रम के सह-प्रभारी संदीप श्योराण ने भी विद्यार्थियों से अपनी प्रतिभा पहचानने, नए प्रयोग करने और राष्ट्र निर्माण में सक्रिय भूमिका निभाने का आह्वान किया। इस अवसर पर डॉ. राज सैनी, नवीन, आरके मुदगिल, जिला संयोजक गौरव भारद्वाज भी मौजूद रहे।
युवाओं के विचारों को मिले उचित मंच : कुलपति
सीआरएसयू के कुलगुरु प्रो. रामपाल सैनी ने विद्यार्थियों को सेवा भावना के साथ समाज और राष्ट्र के विकास में योगदान देने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजनों से युवाओं को अपने विचारों को व्यावहारिक रूप देने, नई संभावनाएं पहचानने और समाज की जरूरतों के अनुरूप समाधान विकसित करने का अवसर मिलता है।