जींद। जिला स्तरीय बाल महोत्सव के पांचवें दिन मंगलवार को बाल भवन में एकल नृत्य प्रतियोगिता का आयोजन हुआ। इसमें जिले के करीब 70 स्कूलों के 316 विद्यार्थियों ने भाग लेकर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया। विद्यार्थियों की प्रस्तुतियों ने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया।
हरियाणा राज्य बाल कल्याण परिषद,चंडीगढ़ के दिशा-निर्देशानुसार जिला बाल कल्याण परिषद की ओर से 30 अक्तूबर तक बाल दिवस प्रतियोगिताएं आयोजित की जा रही हैं। डीसी एवं जिला बाल कल्याण परिषद की प्रधान डॉ. वैशाली शर्मा के मार्गदर्शन में आयोजित प्रतियोगिताओं में बच्चों ने उत्साह के साथ भाग लिया।
जिला बाल कल्याण अधिकारी मलकियत चहल ने बताया कि प्रतियोगिताओं का उद्देश्य बच्चों की प्रतिभा निखारना, उनके सर्वांगीण विकास को बढ़ावा देना और उन्हें अपनी कला दिखाने के लिए बेहतर मंच उपलब्ध कराना है। ऐसे आयोजनों से बच्चों में रचनात्मकता, आत्मविश्वास और स्वस्थ प्रतिस्पर्धा की भावना विकसित होती है।
उन्होंने अध्यापकों और अभिभावकों से बच्चों को अधिक से अधिक प्रतियोगिताओं में भाग लेने के लिए प्रेरित करने की अपील की। उन्होंने बताया कि जिला स्तर पर प्रथम और द्वितीय स्थान प्राप्त करने वाले विद्यार्थी मंडल स्तरीय प्रतियोगिताओं में भाग लेंगे।
वहीं, जिला स्तर पर प्रथम, द्वितीय, तृतीय और सांत्वना पुरस्कार प्राप्त करने वाले बच्चों को जिला स्तरीय बाल दिवस समारोह में उपायुक्त डॉ. वैशाली शर्मा सम्मानित करेंगी। इस अवसर पर राकेश राणा, कशिश सिंगला, विनोद कुमार, आशीष और आजीवन सदस्य प्रदीप शर्मा मौजूद रहे।
बुधवार को होंगी एकल और समूह नृत्य प्रतियोगिताएं
28 अक्तूबर को एकल नृत्य प्रतियोगिता के तृतीय और चतुर्थ समूह तथा समूह नृत्य प्रतियोगिता के प्रथम समूह का आयोजन किया जाएगा। मंगलवार की प्रतियोगिता में निर्णायक मंडल की भूमिका डॉ. जितेंद्र शर्मा, डॉ. सुमिता आशरी, जयवीर ढांडा और प्रो. शर्मिला ने निभाई।
फोटो 27जेएनडी29-बाल भवन में आयोजित प्रतियोगिता में प्रस्तुति देती लड़की। स्रोत प्रशासन