जींद। केंद्र सरकार के टीबीमुक्त भारत अभियान के तहत ग्रामीण अंचल में निर्धारित पैरामीटर पर खरा उतरने वाली 19 ग्राम पंचायतों को जिला प्रशासन सम्मानित करेगा। उपायुक्त मोहम्मद इमरान रजा इन ग्राम पंचायत के प्रतिनिधियों को सोमवार को लघु सचिवालय कॉन्फ्रेंस हॉल में स्मृति चिह्न और प्रशंसा पत्र भेंट कर सम्मानित करेंगे।
उझाना ब्लॉक से गांव नारायणगढ़, दातासिंहवाला, रेवर, नरवाना ब्लॉक से गांव खानपुर, उचाना ब्लॉक से गांव तारखा, उदयपुर और नचार खेड़ा, पिल्लूखेड़ा ब्लॉक से गांव खरक गादिया, मालसरीखेड़ा और लुदाना, सफीदो ब्लॉक से गांव जयपुर और रजानाखुर्द, जुलाना ब्लॉक से गांव बूढ़ाखेड़ा लाठर, भगता खेड़ा, बहबलपुर, किशनपुरा और पडाना तथा जींद ब्लॉक से गांव रामराये खेड़ा और लखमीरवाला शामिल हैं। जनवरी से दिसंबर 2023 तक के दौरान किए गए सर्वे में यह भी पाया गया कि गांव दातासिंहवाला, खरकगादिया, मालासरी खेड़ा, बहबलपुर, रामराये खेड़ा, लखमीरवाला में टीबी का कोई मरीज नहीं मिला था।
यह था पैरामीटर
टीबीमुक्त भारत अभियान के जो पैरामीटर निर्धारित किए गए थे, उनमें एक हजार की आबादी पर कम से कम 30 प्रतिशत लोगों के टीबी टेस्ट हुए हुए हों। एक हजार की आबादी पर एक या एक भी टीबी का मरीज नहीं मिला हो। इलाज का सक्सेस रेट 85 प्रतिशत रहा हो। बलगम टीबी से संबंधित मरीज का 60 प्रतिशत सीबीनेट टेस्ट हुआ हो। इस टेस्ट से यह पता चलता है कि बलगम से संबंधित मरीज पर कौन सी दवाई काम करती है। इसके अलावा निक्षय पोषण योजना के तहत सभी मरीजों को सही पोषण के लिए 500 रुपये प्रतिमाह मिले हों और और प्रधानमंत्री टीबीमुक्त भारत अभियान के तहत सभी मरीज किसी न किसी ग्रामीण ने गोद लिया हो, जिसमें गोद लेने वाले व्यक्ति ने मरीज को उपचार के दौरान पोषण किट जाती है। सिविल सर्जन डाॅ. गोपाल गोयल व डिप्टी सिविल सर्जन (टीबी प्रभारी) डाॅ. पालेराम ने बताया कि टीबीमुक्त भारत अभियान के तहत स्वास्थ्य मंत्रालय ने गांवों के लिए कुछ पैरामीटर निर्धारित किए हुए थे। इन पैरामीटर को पूरा करनने वाली पंचायतों को सोमवार को सम्मानित किया जाएगा।
23जेएनडी13 : सिविल सर्जन डॉ. गोपाल गोयल। संवाद