जींद। पिछले साल जुलाई मेें रेलवे ने जींद जंक्शन पर सीसीटीवी कैमरे लगाने का टेंडर जारी किया था, लेकिन अब तक कैमरे लगाने की प्रक्रिया शुरू नहीं हुई है। रेलवे ने सीसीटीवी कैमरे लगाने का जिम्मा आरपीएफ को सौंपा था। आरपीएफ सीसीटीवी कैमरे लगाने को लेकर गंभीर नहीं दिखाई दे रहा है। हालांकि पिछले साल जून में सीसीटीवी कैमरे लगाने के लिए जगह तक सुनिश्चित कर ली गई थी। सीसीटीवी कैमरे के बिना रेलवे जंक्शन की सुरक्षा प्रणाली राम भरोसे है। इसके चलते जंक्शन परिसर से कई बाइक चोरी हो चुकी हैं। पिछले साल जींद जंक्शन के रेलवे अधिकारियों ने दिल्ली मुख्यालय के पास सीसीटीवी कैमरे लगवाने का प्रपोजल भेजा था। इसके बाद दिल्ली मुख्यालय ने अप्रूवल देते हुए जींद जंक्शन पर सीसीटीवी कैमरे लगाने की अनुमति दी थी।
इन जगहों पर लगाए जाने थे सीसीटीवी कैमरे
निर्देशानुसार पिछले साल जुलाई तक जंक्शन पर सीसीटीवी कैमरे लगने थे। जींद जंक्शन पर आठ सीसीटीवी कैमरे लगाने की अनुमति मिली थी। इसमें से एक सीसीटीवी कैमरा मुख्य द्वार पर लगाया जाना था। एक सीसीटीवी कैमरा बुकिंग केंद्र के बाहर व बाकी छह सीसीटीवी कैमरे रेलवे परिसर में लगाए जाने थे।
कैमरा लगाने का प्रपोजल मुख्यालय भेजा हुआ है। वहां से अनुमति आने के बाद सीसीटीवी कैमरे लगाए जाएंगे।
- सुरेश कुमार, आरपीएफ इंचार्ज।
पिछले साल दिल्ली मुख्यालय के पास सीसीटीवी कैमरे लगाने का प्रपोजल भेजा गया था। इसके बाद मुख्यालय से सीसीटीवी कैमरे लगाने के निर्देश भी जारी कर दिए गए थे। सीसीटीवी कैमरे लगाने का काम आरपीएफ को सौंपा गया था। अब तक सीसीटीवी कैमरे लगाने का काम क्यों नहीं शुरू हो पाया ये तो आरपीएफ ही बता सकता है। -प्रेम किशोर, स्टेशन अधीक्षक जींद।