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दुष्यंत व दिग्विजय चौटाला के इनेलो से निष्कासन के बाद अभय सिंह चौटाला की बैठक जींद में आज

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अभय सिंह चौटाला की जींद में बैठक आज
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अमर उजाला ब्यूरो
जींद। सांसद दुष्यंत चौटाला और दिग्विजय चौटाला का इनेलो से निष्कासन होने के बाद जींद में पहली बार सोमवार को प्रतिपक्ष नेता अभय सिंह चौटाला की जनसभा होगी। दुष्यंत व दिग्विजय चौटाला के निष्कासन के विरोध में इनेलो के जिला प्रधान कृष्ण राठी समेत अनेक कार्यकर्ता दुष्यंत चौटाला का समर्थन कर चुके हैं। इन सबके बीच अभय सिंह चौटाला की जींद में होने वाली जनसभा अहम होगी। 22 अक्तूबर को जींद में सांसद दुष्यंत चौटाला की जनसभा में उमड़ी लगभग चार हजार लोगों की भीड़ को पीछे छोड़ने के लिए अभय सिंह चौटाला के समर्थकों को इस कार्यक्रम का निमंत्रण दे रहे हैं। वे इसे अपने आप में एक चुनौती मानकर चल रहे हैं।
बताते चलें कि दो नवंबर को इनेलो सुप्रीमो ओमप्रकाश चौटाला ने सांसद दुष्यंत चौटाला और दिग्विजय चौटाला पर अनुशासनहीनता के आरोप लगाकर पार्टी से निष्कासित कर दिया था। इसके बाद इनेलो में दोनों नेताओं के निष्कासन को लेकर काफी विरोध चल रहा है। जींद में इनेलो के जिला प्रधान कृष्ण राठी समेत सैकड़ों लोग अपना खुला समर्थन दुष्यंत चौटाला को दे चुके हैं। इन सभी का कहना है कि वे सांसद दुष्यंत चौटाला के साथ हैं। इससे साफ है कि जींद में अभय सिंह चौटाला की राह आसान नहीं है। कई पदाधिकारी केवल यही कह रहे हैं कि वे पार्टी के साथ हैं। ऐसे में यह लोग खुलकर न तो अभय सिंह चौटाला का पक्ष ले रहे हैं और न ही दुष्यंत चौटाला का। ऐसे में खासकर इनेलो की टिकट पर चुनाव लड़ने की इच्छा रखने वाले लोगों के लिए संशय बना हुआ है। वे खुलकर कुछ भी बोलने को तैयार नहीं हैं। इनेलो के पूर्व जिला प्रधान कलीराम पटवारी खुलकर अभय सिंह चौटाला के पक्ष में उतर चुके हैं।
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भीड़ जुटाना अपने आप में एक चुनौती
अभय सिंह चौटाला के समर्थकों के लिए जींद में सोमवार को होने वाली जनसभा में भीड़ जुटाना अपने आप में एक चुनौतीपूर्ण कार्य है। हालांकि यह लोग खुलकर सामने नहीं आ रहे हैं, लेकिन अंदरखाते अभय सिंह चौटाला की जनसभा के लिए भीड़ जुटाने में लगे हैं। 22 अक्तूबर को हुई दुष्यंत की जनसभा में लगभग चार हजार लोग थे। इस चार हजार के आंकड़े को पार करना अभय सिंह चौटाला समर्थकों के लिए बहुत बड़ी चुनौती है।
इनेलो के एक बड़े पदाधिकारी बुरे फंसे
अभी हाल ही में इनेलो द्वारा जारी पदाधिकारियों की सूची में एक पद पर विराजमान होने वाले इनेलो के बड़े पदाधिकारी बुरे तरीके से फंसे हुए हैं। इनेलो के पारिवारिक विवाद के बाद वह अभय सिंह चौटाला के साथ देखे गए। इसके बाद जब जींद में दुष्यंत चौटाला आए तो वह दुष्यंत की जनसभा में पहुंचे। इस प्रकार दोनों जगह होने के कारण सांसद दुष्यंत चौटाला उनसे नाराज हो गए। अब इनेलो द्वारा उन्हें कार्यकारिणी में बड़ा पद दिया है। जब से पद मिला है नेता जी को कुछ नहीं सूझ रहा कि वे क्या करें। एक बार इस्तीफा देने की भी सोची लेकिन बार-बार प्रयासों के बावजूद उनकी सांसद दुष्यंत चौटाला से कोई बात नहीं हो रही। इस कारण नेताजी बुरी तरह फंस चुके हैं। नेताजी का भी मन सांसद दुष्यंत चौटाला के साथ रहने का है लेकिन सांसद से बात नहीं हो पा रही।
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जींद की स्थिति आज हो जाएगी स्पष्ट
जींद में अभय सिंह चौटाला की जनसभा वहीं दूसरी तरफ दिल्ली में अजय सिंह चौटाला की बैठक। इससे जींद की स्थिति पूरी तरह से साफ हो जाएगी कि कौन इनेलो नेता किसके साथ है। अब तक तो कुछ नेता ऐसे रहे हैं जो अभय सिंह चौटाला व सांसद दुष्यंत चौटाला दोनों की जनसभाओं में आते रहे हैं। अब दुष्यंत चौटाला ने अपने समर्थकों को दिल्ली में बुलाया है। वहीं जींद में अभय सिंह चौटाला की जनसभा है। इस कारण सोमवार को जींद में इनेलो नेताओं की तस्वीर बिल्कुल साफ हो जाएगी कि कौन किस नेता के साथ है।
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