अर्जुन स्टेडियम में मिलेगी शूटिंग रेंज की सुविधा
अमर उजाला ब्यूरो
जींद। जींद के खिलाड़ियों के लिए अच्छी खबर है। अब जींद के अर्जुन स्टेडियम में शूटिंग रेंज की सुविधा भी मिल गई है। शुक्रवार को खेल विभाग के निदेशक जगदीप सिंह ने शूटिंग रेंज का उद्घाटन किया। इस दौरान खेल निदेशक ने कहा कि अगले 15-20 दिन में हुडा द्वारा बनाए गए एकलव्य स्टेडियम को भी खेल विभाग को सौंप दिया जाएगा। इसके बाद जिला के खिलाड़ियों को अंतर्राष्ट्रीय स्तर की सुविधाएं मिलेंगी।
गौरतलब है कि सफीदों बाईपास पर हुडा द्वारा करीब दस एकड़ में खेल स्टेडियम बनाया गया है। हालांकि स्टेडियम बनकर तैयार है, लेकिन अभी यह खेल विभाग को सुपुर्द नहीं किया गया है। ऐसे में खेल विभाग यहां अपना काम काज शुरू नहीं कर पा रहा है। इसके लिए खेल विभाग के अधिकारियों की हुडा के वरिष्ठ अधिकारियों से चार दिन पहले मीटिंग हो चुकी है। इसमें तय हुआ है कि हुडा स्टेडियम के रखरखाव के लिए तकनीकी अधिकारियों की टीम खेल विभाग को मुहैया करवाएगा, जो यहां रखरखाव के साथ-साथ नए निर्माण का काम भी देखेगी।
एक साथ नहीं हो पाते मैच
फिलहाल जींद में खिलाड़ियों के लिए सुविधा नहीं के बराबर हैं। अर्जुन स्टेडियम में हालांकि कुश्ती, टेनिस, बॉक्सिंग के लिए हॉल हैं, लेकिन यह स्टेडियम काफी छोटा है। वहीं स्टेडियम में जलभराव की भी समस्या रहती है। ऐसे में साल के काफी दिन खिलाड़ी यहां अभ्यास नहीं कर पाते। वहीं जिला स्तरीय प्रतियोगिताएं भी अर्जुन स्टेडियम में एक साथ नहीं हो पाती। जगह कम होने के कारण हॉकी जैसे खेल बाहर करवाने पड़ते हैं। तीरंदाजी के लिए भी कोई जगह नहीं है।
एसडी स्कूल से जगह मिले तो बने बात
स्टेडियम में फिलहाल पांच लेन की शूटिंग रेंज बनी है। निदेशक ने कहा कि यह रेंज अंतर्राष्ट्रीय मानकों के हिसाब से सही नहीं। अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर आठ लेन की शूटिंग रेंज होती है और इसमें चेंजिंग रूम और कोच के लिए कमरे की व्यवस्था होती है। इस पर अधिकारियों ने जगह की कमी बताई। इस स्टेडिमय के साथ लगते एसडी स्कूल से जगह मिलने की संभावना अधिकारियों ने जताई। यदि एसडी स्कूल से दस फुट जगह मिल जाती है तो सभी मानक पूरे हो जाते हैं।
100 अखाड़ों को मिलेगी सहायता
खेल निदेकश ने कहा कि खेल विभाग ने प्रदेश भर के अखाड़ों का सर्वे किया है। प्रदेश में 235 पंजीकृत अखाड़े हैं। इनमें से 100 अखाड़ों को सरकार सहायता देगी। इसके तहत पहलवानों के लिए मैट और जिम का सामान उपलब्ध करवाया जाएगा। एक अखाड़े में करीब आठ लाख खर्च किए जाएंगे। वहीं अगले साल इन अखाड़ों में पहलवानों के लिए डाइट खर्च, कोच और हॉस्टल जैसी सुविधाएं देने की भी योजना बनाई जा रही है।
हॉकी मैदान की दरकार
जींद के खिलाड़ियों को फिलहाल हाकी मैदान की दरकार है। इस दौरान एक सवाल के जवाब में खेल निदेशक ने बताया कि इसकी योजना बनाई जा रही है अर्जुन स्टेडियम में ही हाकी मैदान बनाया जाएगा।
सरकार द्वारा खेलों के विकास के लिए काफी प्रयास किए जा रहे हैं। खेल महाकुंभ इसी का उदाहरण है। इसमें जिला स्तर पर पांच लाख खिलाड़ियों ने हिस्सा लिया है। आने वाले समय में खेल के विकास के लिए काफी और योजनाएं शुरू की जाएगी। जल्द ही खेल विभाग हर ब्लॉक में खेल नर्सरी शुरू करेगा। जींद में हॉकी का मैदान बनाया जाएगा। एकलव्य स्टेडियम भी 15-20 दिन में खेल विभाग अपने अधीन ले लेगा।
जगदीप सिंह, निदेशक खेल विभाग।