आग लगने से लाखों की कपास जली
अमर उजाला ब्यूरो
जुलाना। शुक्रवार को दोपहर बाद जुलाना की नई अनाज मंडी में पड़ी कपास की ढेरियों में अचानक आग लग गई। आग से चार किसानों की करीब 100 मण कपास जलकर राख हो गई। सूचना पाकर फायर बिग्रेड की गाड़ी मौके पर पहुंची, लेकिन तब तक देर हो चुकी थी। आग से किसानों को लाखों रुपये का नुकसान हो गया। आढ़तियों का कहना है कि अगर मार्केट कमेटी की अपनी फायर बिग्रेड की गाड़ी होती तो यह नुकसान नहीं होता। मार्केट कमेटी के पास आग बुझाने का प्रबंध नहीं होने के कारण किसानों को लाखों रुपये का नुकसान हुआ है।
जानकारी के अनुसार जुलाना की नई मंत्री में मोहित ट्रेडिंग कंपनी के यहां किसानों की कपास की कई ढेरियां पड़ी हुई थी। अचानक कपास की ढेरी में आग लग गई। देखते ही देखते आग भड़क गई और पास पड़ी अन्य ढेरियों में भी जा लगी। इसकी सूचना फायर बिग्रेड कार्यालय को दी गई। किसानों एवं आढ़तियों ने आग बुझाने का प्रयास किया। सूचना पाकर फायर बिग्रेड की गाड़ी भी मौके पर पहुंची और आग पर काबू पाया गया। आग पर काबू पाने से पहले गोसाई खेड़ा गांव के किसान सुभाष की 35 मण, भहाबड़ौदा गांव के सोमबीर की 20 मण, नरेंद्र की 18 मण और जोगेंद्र की 25 मण के करीब कपास जलकर राख हो गई। किसानों एवं आढ़तियों ने प्रशासन से आग से हुए नुकसान के मुआवजे की मांग की है। आढ़तियों का कहना है कि फायर बिग्रेड की गाड़ी को पहुंचने में काफी समय लग गया। अगर मार्केट कमेटी के पास आग बुझाने के लिए अपनी गाड़ी होती हो किसानों को यह नुकसान नहीं होता। मंडी में कपास आने के बाद जिम्मेदारी मार्केट कमेटी की होती है। आग बुझाने के लिए मंडी में कोई पुख्ता प्रबंध नहीं हैं।
मार्केट कमेटी की अपनी फायर बिग्रेड की गाड़ी होती या आग बुझाने के यंत्र चालू होते तो किसानों की कपास की फसल नहीं चलती। फायर बिग्रेड की गाड़ी जब मंडी में पहुंची तो कपास जलकर राख हो चुकी थी।
राजपाल, प्रधान आढ़ती एसोसिएशन जुलाना।