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बाथरूम में पानी और दरवाजे गायब हॉस्टल के पंखे और लाइट खराब

Sat, 15 Apr 2017 01:07 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला झज्जर
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झज्जर। प्रियम की मौत के चार महीने बाद भी कलोई स्थित जवाहर नवोदय विद्यालय के छात्रावास की चारदीवारी नहीं की गई है और न ही छात्रावास के बाथरूमों की स्थिति में कोई सुधार आया है। बाथरूम पर न दरवाजे हैं और ना पानी की सुविधा है। छात्रावास के पंखे और ट्यूबलाइट खराब मिली। ये खामियां छात्र प्रियम मौत मामले में पीड़ित पिता परमिंद्र की शिकायत पर शुक्रवार को कलोई के जवाहर नवोदय विद्यालय में पहुंची राष्ट्रीय बाल संरक्षण आयोग की टीम को मिली। टीम के सदस्य पुलिस की जांच से कुछ पहलुओं पर असंतुष्ट नजर आए। नवोदय प्रशासन के द्वारा मामले में बरती जा रही लापरवाही पर भी सख्त दिखे।
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जांच के लिए आई टीम का नेतृत्व आयोग सदस्य प्रियंक कानूनगो कर रहे थे। टीम ने चार घंटे में कलोई के जवाहर नवोदय विद्यालय का पूरा रिकार्ड खंगालने के साथ ही हर कोने का दौरा किया। आयोग टीम के राउंड पर स्कूल में हड़कंप सा मचा रहा। टीम जांच के लिए अपने साथ ही पूरा रिकार्ड साथ ले गई है। वहीं अब नवोदय प्रशासन को समन कर जांच में शामिल होने के लिए आयोग में भी बुलाया जा सकता है। वहीं आयोग टीम के पहुंचने पर एसडीएम प्रदीप कौशिक, प्रियम केस के जांच अधिकारी एएसआई विक्रम व अन्य पुलिस अधिकारी मौजूद रहे।

जेजे एक्ट पर अटक गए जांच अधिकारी
जांच अधिकारी के जब आयोग सदस्यों के द्वारा बयान लिए जा रहे थे तो वो इसमें अटक गए। आयोग सदस्य प्रियंक काननूगो ने जांच अधिकारी विक्रम एएसआई से पूछ लिया कि जेजे एक्ट के बारे में क्या जानते हो तो वो बगलें झांकने लगा। तभी आयोग सदस्य ने पूछा कि जेजे एक्ट के बारे में विभाग के द्वारा कोई कोर्स नहीं करवाया गया क्या तो वो बोले कि मधुबन में एक या दो दिन का कोर्स करवाया जाता है।
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छात्रावास का किया निरीक्षण, बाथरूम मिले खस्ता हाल में
आयोग सदस्यों ने जब ब्वॉयज छात्रावास का निरीक्षण किया तो बाथरूम के दरवाजे ही नहीं थे। बाथरूम में पानी की सप्लाई ठप्प होने के चलते नल सूखे हुए थे। वहीं जब टीम ने छात्रावास में पहुंची तो एक हाल में करीब 5 पंखे खराब पड़े थे। वहीं जहां बच्चे पढ़ाई करते हैं वहां की कुछ ट्यूब लाइट भी खराब पड़ी थी। यह सब टीम सदस्यों ने जांच रिपोर्ट में दर्ज कर लिया।

हॉस्टल मैस में नहीं मिला खाने का सैंपल
जांच टीम हॉस्टल मैस में खाना की गुणवत्ता जांचने के लिए पहुंची लेकिन वहां पर खाना ही नहीं मिला। टीम ने मैस ठेकेेदार को बुलाकर पूछा सैंपल लेकर आओ। इस पर ठेकेदार ने बताया कि सैंपल तो उसने नहीं रखा। टीम सदस्यों ने उसे लताड़ लगाई और भविष्य में हर खाने का सैंपल रखने की हिदायत दी।

अभिभावकों ने भी की शिकायत
जांच टीम के पहुंचने की सूचना पाकर कुछ अभिभावक भी नवोदय विद्यालय में पहुंच गए। अभिभावकों ने टीम के सामने शिकायत दर्ज करवाई कि हादसे के बाद भी ब्वॉयज हॉस्टल में कोई वार्डन नहीं रखा गया है। ऐसे में यह कैसे माना जा सकता है कि भविष्य में इस तरह की घटना की पुनरावृत्ति नहीं होगी। जिस पर टीम ने आश्वासन दिया कि जांच में हर पहलू को शामिल किया गया है, हर लापरवाही के लिए कार्रवाई की अनुशंसा जरूर की जाएगी।

नई गाइडलाइन में दर्ज होगा प्रियम का नाम
आयोग सदस्य के आगे परिवार के द्वारा प्रियम की स्मृति में स्कूल के किसी हिस्से का नामकरण किए जाने के लिए आग्रह किया गया। इस पर प्रियंक कानूनगो ने कहा कि अब बाल संरक्षण के लिए पूरे देश में नई गाइडलाइन तैयार की जा रही है, जिसमें प्रियम का नाम शामिल किया जाएगा। इससे देशभर के बच्चे प्रियम को याद रखेंगे।

जून में हो जाएगी रिपोर्ट तैयार: कानूनगो
राष्ट्रीय बाल संरक्षण आयोग के सदस्य प्रियंक कानूनगो ने कहा कि उन्होंने स्कूल में पहुंचकर हर पहलू की जांच की है। स्कूल में काफी खामियां पाई गई है। वहीं अभी जांच के लिए स्कूल व पुलिस प्रशासन को आयोग में भी बुलाया जा सकता है। जून तक रिपोर्ट तैयार कर ली जाएगी। मामले में लापरवाही बरतने वाले हर आरोपी के खिलाफ कार्रवाई की अनुशंसा की जाएगी।

मिल गई है बजट की मंजूरी: ओमबीर
जवाहर नवोदय विद्यालय के प्राचार्य ओमबीर ने बताया कि चारदीवारी के लिए जयपुर संभाग से एक करोड़ 20 लाख रुपये की मंजूरी मिल गई है। राशि मिलते ही चारदिवारी का कार्य चालू करवा दिया जाएगा।
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