सीएचसी में तीन दिन बाद वैक्सीन की डोज पहुंची। वैक्सीन लगवाने के लिए लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा। पिछले कई दिनों से चक्कर लगाने के बाद शुक्रवार को वैक्सीन की डोज पहुंची। लेकिन लोगों की भीड़ ज्यादा होने से वैक्सीन की कमी महसूस हुई। सुबह ही लोगों की भीड़ सीएचसी में जुटनी शुरू हो गई और दोपहर तक भीड़ बनी रही। कुछ लोगों को पूरा दिन इंतजार करने के बाद भी डोज नहीं मिल सकी।
शुक्रवार की सुबह सीएचसी में 200 वैक्सीन की डोज पहुंची। लेकिन उसे लगवाने वाले अधिक पहुंच गए। ऐसे में चिकित्सकों ने 100 अतिरिक्त वैक्सीन की मांग स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों से की। दोपहर तक अतिरिक्त वैक्सीन की डोज पहुंची, फिर भी 35 लोगों को निराशा होकर लौटना पड़ा। वैक्सीनेशन करवाने वालों में सबसे ज्यादा संख्या छात्रों की रही। कॉलेजों में कक्षा शुरू करने से पहले कोविड वैक्सीन जरूरी होने के चलते छात्रों की संख्या ज्यादा दिखाई दी। सीएचसी स्तर पर कोविड वैक्सीन की पर्याप्त आपूर्ति न होने के कारण टीकाकरण अभियान को गति नहीं मिल रही। मांग और क्षमता के अनुसार टीकाकरण अभियान ग्रामीण क्षेत्र में आगे नहीं बढ़ रहा। निर्धारित स्लॉट न होने के चलते वैक्सीन केंद्रों से लोगों को निराश लौटना पड़ रहा है।
कोविड नियमों की अवहेलना
शुक्रवार को सीएचसी में कोविड नियमों की अवहेलना भी देखने को मिली। वैक्सीन लेने वालों की भीड़ में सोशल डिस्टेंस दिखाई नहीं दिया। कुछ लोगों ने मास्क का प्रयोग भी नहीं किया। लाइन के बजाय धक्कामुक्की का आलम बना रहा। पूरे सीएचसी परिसर में भीड़ रही। छात्रों के साथ-साथ बुजुर्ग भी काफी संख्या में आए थे।
वैक्सीन की 300 डोज मिली
जरूरत के अनुसार 200 वैक्सीन की डोज शुक्रवार सुबह पहुंच गई थी। बाद में मांग को देखते हुए 100 अतिरिक्त डोज मांगी गई, जोकि समय पर मिल गई। कुछ छात्रों के पहुंचने से वैक्सीन लेने वालों की संख्या बढ़ गई। अब वैक्सीन की मांग को बढ़ाया जाएगा, ताकि लोगों को टीका लगवाए बिना लौटना न पड़े।
डॉ. सपना, सीएचसी बादली।