फोटो नंबर 71: बादली का नवनिर्मित राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय। संवाद
बादली। राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय के भवन निर्माण का पैसा शिक्षा विभाग की तरफ से निर्माणकर्ता फर्म का रोक दिया गया है। दो दिन पहले सैंपल जांच में सहयोग न करने पर संबंधित फर्म को नोटिस भेजा गया था। इस पर मंगलवार को फर्म मालिक एसडीएम कार्यालय पहुंचे और सैंपल जांच की फीस जमा करवाने पर सहमति प्रकट की।
उपमंडल अधिकारी डॉ. रमन गुप्ता ने सैंपल जांच में सहयोग न करने पर सतीश कुमार कॉन्ट्रैक्टर नामक फर्म नोटिस भेजा था जिसके बाद मंगलवार को फर्म मालिक और सर्व शिक्षा विभाग के एसडीओ पहुंचे और जांच में सहयोग करने और सैंपलिंग फीस जमा करने की बात कही। उपमंडल अधिकारी डॉक्टर रमन गुप्ता ने बताया कि 4 दिसंबर को लिए गए नमूने को अब जांच के लिए लैब भेजा जाएगा। वहीं एसडीओ सतीश शर्मा का कहना है कि जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे कार्रवाई की जाएगी।
भवन शिक्षा विभाग को हैंडओवर कर दिया गया। कक्षाएं लग रही हैं। ऐसे में निर्माण कार्य में लगाई गई निम्न स्तर की सामग्री से बने भवन में छात्र बैठ रहे हैं। पिछले वर्ष सीएम फ्लाइंग की सैंपलिंग जांच में प्लास्टर में खामियां मिली थीं। फर्म को 1 लाख 40 हजार रुपये का जुर्माना लगाया गया लेकिन प्लास्टर को ठीक नहीं किया गया। स्कूल भवन निर्माण पर 4 करोड़ 50 लाख खर्च किए गए जिसमें निर्माण कार्य करने वाली फर्म के 40 लाख का बिल बकाया है।