फोटो 74: गांव खेड़ी जट्ट में एग्रीस्टैक फार्मर आईडी कार्य का निरीक्षण करते अधिकारी।
बादली। एसडीएम डॉ. रमन गुप्ता ने बताया कि रविवार को किसानों की एग्रीस्टैक फार्मर आईडी बनाने का काम जारी रहेगा। किसान आईडी जल्द से जल्द बनवाकर विभागीय टीमों का सहयोग करें। पड़ोसी किसानों को भी आईडी बनवाने के लिए प्रेरित करें। भविष्य में योजनाओं का लाभ एग्री स्टैक आईडी से ही मिलेगा।
बादली उपमंडल सहित जिलाभर में पिछले कई दिनों से डीसी स्वप्निल रविंद्र पाटिल के मार्गदर्शन में किसानों की एग्री स्टैक फार्मर आईडी बनाने का कार्य जोरों पर हैं। विभागीय अधिकारियों की टीमें गांव गांव पहुंचकर किसानों की आईडी बनाने का कार्य कर रही हैं।
उन्होंने बताया कि शनिवार को गांव खेड़ी जट्ट में कार्यरत फार्मर आईडी कार्यक्रम के जिला नोडल अधिकारी भैया राम और तकनीकी अधिकारी डॉ. रोहित की टीम ने एग्री स्टैक आईडी कैम्प का निरीक्षण किया। उन्होंने किसानों से आईडी बनवाने के लिए प्रेरित किया।
फार्मर आईडी से इन योजनाओं का मिलेगा लाभ
एसडीएम ने कहा कि फार्मर आईडी बनाने का मुख्य मकसद किसानों की पहचान को सुरक्षित करने और उन्हें सरकारी सेवाओं के लाभ तक पहुंच प्रदान करना है। प्रत्येक किसान की एग्री स्टैक फार्मर आईडी हो, इसके लिए अधिकारी मिशन मोड में कार्य करें। उन्होंने बताया कि भविष्य में बैंक ऋण, पीएम किसान सम्मान निधि, क्षतिपूर्ति, खाद व बीज के अलावा कृषि अनुदान आधारित योजनाओं का लाभ आदि एग्री स्टैक फार्मर आईडी के माध्यम से दी जाएगी।
इन दस्तावेजों से बनेगी किसानों की फार्मर आईडी
एग्रीस्टैक आईडी बनवाने के लिए किसानों को मोबाइल नंबर से लिंक आधार कार्ड, पिछली फसल के लिए मेरी फसल मेरा ब्यौरा पंजीकरण की प्रति या जमीन से जुड़ी फर्द साथ लाना जरूरी है। किसान स्वयं भी पंजीकरण कर सकते हैं।