गलियों में घूमने वाले लावारिस पशु बच्चों के लिए खतरनाक साबित हो रहे हैं। पिछले दिनों ही टीकरी कलां में कुत्ते द्वारा नोंचे जाने से एक बच्चे की मौत हुई थी तो अब बहादुरगढ़ के गांव नूना माजरा में कुत्ते ने चार वर्षीय बच्चे को बुरी तरह से नोंच डाला।
दरअसल, मूलत: मध्यप्रदेश का निवासी बबलू पिछले कुछ समय से बहादुरगढ़ के गांव नूना माजरा में रह रहा है। वह मिस्त्री है। मंगलवार की सुबह वह अपने कार्य में लगा हुआ था और उसकी पत्नी खाना बना रही थी। इनका चार वर्षीय बच्चा श्रीकांत शौच के लिए जा रहा था। झुग्गी से कुछ दूर पहुंचा ही था कि एक कुत्ते ने उस पर हमला कर दिया। चेहरे और हाथ को बुरी तरह से नोंच डाला। किसी की नजर पड़ी तो उन्होंने श्रीकांत को कुत्ते से बचाया। आनन-फानन में उसे बहादुरगढ़ के नागरिक अस्पताल में लाया गया। जहां प्राथमिक चिकित्सा के बाद उसे पीजीआई रोहतक रेफर कर दिया गया। फिलहाल श्रीकांत की हालत में सुधार है। उसे पीजीआई से छुट्टी मिल चुकी है।
जब हो गई चार माह के मासूम की मौत
कुत्ते द्वारा बच्चे को काटे जाने की यह कोई नई घटना नहीं। गत 26 फरवरी को बहादुरगढ़ से सटे टीकरी कलां में चार महीने के मासूम को कुत्ते ने बुरी तरह से नोंच दिया था। उक्त मासूम की तो मौत हो गई थी। इसके अलावा पिछले साल मॉडल टाउन में एक बालक पर कुत्ते ने हमला किया था। सेक्टर सात में भी ऐसा हो चुका है। बार-बार होती इन घटनाओं पर प्रशासन भी ध्यान नहीं दे रहा।