झज्जर। शिक्षा के अधिकार अधिनियम के तहत चयनित जरूरतमंद परिवारों के बच्चों को दाखिले देने में निजी स्कूल आनाकानी कर रहे हैं। अभिभावकों ने शिक्षा विभाग की तरफ से जारी हेल्पलाइन नंबर, ईमेल और अन्य माध्यमों पर कई शिकायतें भेजी हैं।
शिकायतों में आरोप लगाया गया है कि कुछ स्कूल एडमिशन में देरी कर रहे हैं या ऐसे आधार पर एडमिशन देने से मना कर रहे हैं जो आरटीई अधिनियम के तहत स्वीकार्य नहीं हैं। ऐसे में अब विभाग की तरफ से दाखिले को लेकर पोर्टल का लिंक जारी किया गया है, जिस पर निजी स्कूलों को आरटीई के तहत चयनित बच्चों के दाखिले करने या दाखिले अस्वीकार करने की जानकारी देनी होगी।
विभाग ने इसके लिए पत्र जारी कर दिया है जिसमें स्पष्ट किया गया है कि ऐसे कार्य आरटीई अधिनियम, 2009 की धारा 12(1)(सी) और 13 का उल्लंघन करते हैं और इन्हें अत्यंत गंभीरता से लिया जाता है।
आरटीई के तहत दाखिले में पारदर्शिता और रियल-टाइम ट्रैकिंग सुनिश्चित करने के लिए आवंटित किए गए प्रदेश मे 21,752 आवेदकों में से प्रत्येक को ट्रैक करने के लिए एक विशेष पोर्टल लिंक जारी किया गया है। इसमें प्रत्येक आवंटित प्राइवेट स्कूल पोर्टल पर अपने एमआईएस खाते में लॉगइन करेगा। स्कूल प्रत्येक आवंटित छात्र की स्थिति को अपडेट करेंगे।
इसमें जानकारी देनी होगी कि दाखिला स्वीकार किया गया या अस्वीकार किया गया है। यदि दाखिला अस्वीकार किया जाता है तो स्कूल को पोर्टल पर उपलब्ध पहले से निर्धारित विकल्पों में से अस्वीकृति का उचित कारण चुनना होगा। यह सुनिश्चित करना होगा कि अस्वीकृति के कारण आरटीई दिशा-निर्देशों और संबंधित सरकारी आदेशों के अनुरूप हों, न की मनमाने हो।
पोर्टल पर प्रत्येक आवंटित छात्र की दाखिले स्थिति को दैनिक आधार पर अपडेट करना होगा। वैध, दस्तावेज, उचित कारणों के बिना दाखिले का अनुपालन न करना या मनमाने ढंग से अस्वीकार करने पर विभाग कार्रवाई करेगा। इसमें आरटीई अधिनियम के संबंधित प्रावधानों के तहत कार्रवाई की जाएगी जिसमें मान्यता रद्द करना भी शामिल है।
4703 निजी स्कूलों की सूची जारी
विभाग की तरफ से 4703 निजी स्कूलों की सूची भी जारी है जिसमें 21752 आवेदकों की भी सूची है। इसके तहत निजी स्कूलों को निर्देश दिए गए हैं कि वे शैक्षणिक वर्ष 2026-27 के लिए आरटीई के तहत सुचारू, पारदर्शी और समय पर प्रवेश सुनिश्चित करने के लिए दिए गए निर्देशों का पालन करें ताकि कोई भी बच्चा शिक्षा से वंचित न रहे। यह दाखिला प्रक्रिया 9 मई तक पूरी की जानी है।