बहादुरगढ़। प्रदूषण के लिहाज से अक्तूबर का पहला हफ्ता तो साफ वातावरण में बीत गया लेकिन जैसे ही दूसरा हफ्ते के दिन बीते तो एक्यूआई बढ़ने लगा है। प्रदूषण रोकने के लिए हरियाणा राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की ओर से किसी तरह के कोई कदम नहीं उठाए जा रहे। सड़कों पर उड़ने वाली धूल भी प्रदूषण को बढ़ा रही है। यदि प्रदूषण रोकने के ठोस कदम नहीं उठाए गए तो यह आने वाले दिनों में गंभीर रूप धारण करेगा और लोगों का घरों से बाहर निकलना मुश्किल हो जाएगा। बेहतर होगा कि पहले से ही प्रदूषण रोकने के सही उपाय किए जाएं। इसके लिए आमजन को भी सहयोग करना होगा।
बहादुरगढ़ अक्तूबर के 9 दिन ग्रीन जोन में रहा लेकिन अब यलो जोन में पहुंच गया है। इसी तरह प्रदूषण का स्तर बढ़ता रहा तो इसे रेड जोन में पहुंचने में ज्यादा देर नहीं लगेगी। प्रदूषण बढ़ने से रोकने के कदम उठाने होंगे।
यहां 7, 8 और 9 अक्तूबर को एक्यूआई ग्रीन जोन में 63, 81 और 74 दर्ज हुआ था लेकिन शुक्रवार को यह बढ़कर येलो जोन में पहुंच गया। एक्यूआई 170 दर्ज किया गया। प्रदूषण बढ़ने से रोकने के लिए संबंधित विभागों को अभी से सड़कों पर धूल के कण कम करने के लिए पानी का छिड़काव करने के इंतजाम करने चाहिए।
प्रशासन और विभाग नहीं दे रहा ध्यान
सड़कों पर उड़ती धूल भी कहीं ज्यादा प्रदूषण को बढ़ा रही है। इस ओर प्रशासन, एचएसआईआईडीसी, एनएचएआई और नगर परिषद का ध्यान नहीं है। यहां बहादुरगढ़ बाईपास, नया गांव बाईपास, निजामपुर रोड, रेलवे रोड, दिल्ली-रोहतक रोड, झज्जर रोड, एचएसआईआईडीसी सेक्टर-16 व 17, आधुनिक औद्योगिक क्षेत्र पार्ट-ए व बी, पुराना औद्योगिक क्षेत्र में सबसे अधिक धूल रहती है। अभी किसी भी विभाग की ओर से प्रदूषण को रोकने के लिए कोई कठोर कदम नहीं उठाए जा रहे हैं। निजामपुर रोड पर तो अवैध तरीके से प्लास्टिक जलाने और अवैध भट्ठियां धड़ल्ले से चलाई जा रहीं हैं। इससे न केवल प्रदूषण बढ़ रहा है बल्कि आसपास के लोगों का जीना मुहाल हो रहा है।
-
शुक्रवार को बहादुरगढ़ में प्रदूषण का स्तर यलो जोन में पहुंच गया। लोगों को प्रदूषण रोकने के उपाय अभी से करने होंगे। अन्यथा आने वाले दिनों में प्रदूषण बढ़ेगा तो समस्या ज्यादा होगी। पाबंदियां भी शुरू हो जाएंगी।
-अमित दहिया, एसडीओ, हरियाणा राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड, बहादुरगढ़।