-फोटो 51 : शहर में रोहतक रोड पर प्रदर्शन करते संगठन सदस्य। स्रोत संगठन
बहादुरगढ़। ऑल इंडिया किसान खेत मज़दूर संगठन के कार्यकर्ताओं तथा समर्थकों ने शहर में रोहतक रोड पर बीजेपी सरकार की पूंजीपति परस्त तथा किसान मज़दूर विरोधी नीतियों के खिलाफ मंगलवार को जोरदार विरोध प्रदर्शन किया।
संगठन के प्रदेश सचिव जयकरण मांडौठी ने कहा कि सी2+50 प्रतिशत फॉर्मूले के अनुसार एमएसपी गारंटी कानून का बनाने से सरकार मुकर गई है। बिजली क्षेत्र को प्राइवेट हाथों में देने पर उतारू है, तीन काले कृषि कानूनों को नए शब्दों में कृषि मार्केटिंग पॉलिसी के नाम पर दोबारा लागू करने जा रही है, अमेरिका तथा अन्य कई देशों से फ्री ट्रेड एग्रीमेंट करने जा रही है जिससे किसान, दुग्ध उत्पादक तथा मुर्गी, मछली पालक बर्बाद हो जाएंगे।
किसान मजदूरों को कर्ज मुक्त नहीं किया गया। जबकि कॉर्पोरेट घरानों तथा बड़े-बड़े उद्योपतियों-पूंजीपतियों के लाखों करोड़ रुपये माफ कर दिए हैं। एमएलए-एमपी की पेंशन हर वर्ष बढ़ा दी जाती है परंतु किसान, मज़दूरों तथा अन्य मेहनतकश लोगों की पेंशन 10 हजार रुपये करने से इनका बजट बिगड़ जाता है। जिला कमेटी सदस्य राम किशन तथा सतबीर सिंह बल्हारा ने कहा कि सरकार ने बिजली व रसोई गैस के रेट बढ़ा दिए तथा टोल टैक्स भी बढ़ा दिया है। किसान-मजदूर पहले ही महंगाई की मार झेल रहे हैं। जिला कमेटी सदस्य भारत ने बताया कि शिक्षा का निजीकरण तथा व्यवसायीकरण करने से यह करने से यह भी हम किसान मज़दूरों की पहुंच से दूर होती जा रही है।
खेत मज़दूर नेता लालजी ने कहा कि मनरेगा स्कीम के तहत नाममात्र की दिहाड़ी दी जाती है व साल के कुछ दिन ही काम मिलता है। उनकी मांग है कि साल में कम से कम 8 महीने काम दिया जाए तथा 700 रुपये प्रति दिन दिहाड़ी दी जाए। प्रदर्शन में मंगल सिंह, बलजीत सिंह, जितेंद्र, किताब सिंह तथा अन्य कई लोगों ने भाग लिया।
-फोटो 51 : शहर में रोहतक रोड पर प्रदर्शन करते संगठन सदस्य। स्रोत संगठन