झज्जर । सिद्ध बाबा कांशीगिरि मंदिर परिसर में सावन मास के अवसर पर चल रही शिव महा पुराण कथा व्याख्यान करते हुए पंडित पवन कौशिक ने शिव विवाह की कथा का प्रसंग सुनाया।
कथा वाचक ने कहा कि पार्वती बचपन से ही भगवान शिव की अनन्य भक्त थीं। वह भगवान शिव से विवाह करने की इच्छुक थीं। महर्षि नारद ने मां पार्वती और शिव के विवाह का संयोग बताया। संयोग मिलने पर भगवान शिव और मां पार्वती का विवाह हुआ।इससे पूर्व गणेश पूजन कर श्री शिव रुद्राष्टकम से कथा का शुभारंभ किया। इस दौरान महिला मंडली की संगीता वर्मा, शशी खत्री, आशा ग्रोवर, इंदू भूगड़ा ने सज रहे भोले बाबा निराले दूल्हे में,भूतों की ले कर टोली चले हैं ससुराल शिव भोले जी दिगंबर हो बैल पे सवार भजन प्रस्तुत कर श्रद्धालुओं को नाचने पर मजबूर दिया। सुधांशू हंस ने बताया कि महिला मंडली द्वारा आयोजित श्री शिव पुराण कथा में मंडली प्रधान इंदू भूगड़ा, आशा नागपाल, नारायणी सरदाना, इंदू शर्मा, शशी खत्री, संगीता वर्मा, उषा काठपालिया, बिमला नन्दा, शांति कटारिया, शीला चुघ मौजूद रहे।