नोटबंदी को एक महीना होने को है, लेकिन नकदी निकासी को लेकर चल रही मारामारी खत्म होने का नाम नहीं ले रही है। मंगलवार को भी जिले के बैंकों में कम मात्रा में कैश पहुंचा। मंगलवार को केवल 8 करोड़ 86 लाख की ही नकदी पहुंची।
कैश को लेकर पिछले कुछ दिनों से मातनहेल गांव में तनाव का माहौल चल रहा है। मंगलवार को भी ग्रामीणों ने कैैश नहीं मिलने पर नाराजगी दिखाते हुए एसबीआई का शटर डाउन कर बैंककर्मियों को बंधक बना लिया। वहीं पुलिस ने मामले की सूचना मिलते ही मौके पर पहुंचकर ग्रामीणों को समझाया। इसके बाद ग्रामीणों ने शटर खोलकर बैंक कर्मियों को आजाद कर दिया।
दो बार लगा चुके हैं ग्रामीण
एसबीआई की मातनहेल शाखा में कैश काफी कम मात्रा में पहुंच रहा है। इसके चलते वहां के ग्रामीणों में खासा रोष व्याप्त है। पिछले एक सप्ताह के दौरान ही ग्रामीण दो बार सड़क जाम कर चुके हैं, लेकिन उनकी समस्याओं का समाधान कैैश कम मात्रा में पहुंचने के कारण नहीं हो पा रहा है। वहीं मंगलवार को ग्रामीणों ने बैंककर्मियों को बंधक बना लिया था।
नहीं बदल पा रहे हालात
बैंकों में कैश की कमी के चलते हालात बदल नहीं पा रहे हैं। मंगलवार को भी एटीएम में कैश नहीं डाला गया। कुछ बैंकों में तो कैश नाममात्र का ही पहुंचा, जिसके चलते शुरुआती घंटे में ही खत्म हो गया। बैंक प्रबंधनों का साफ कहना है कि जब तक कैश पूरी मात्रा में नहीं आएगा, हालात ऐसे ही बने रहेंगे।
मंगलवार को 8 करोड़ 86 लाख की नकदी पहुंची थी। कैैश लगातार डिमांड के बाद भी कम पहुंच रहा है।
एलडी शर्मा, एलडीएम, झज्जर