संवाद न्यूज एजेंसी
बहादुरगढ़। उभरते पहलवान कसार गांव निवासी परीक्षित मुदगिल की सड़क हादसे में मौत हो गई। हादसा नेशनल हाईवे 152 डी पर शनिवार दोपहर बाद चंदलाना गांव के पास एक कार के डिवाइडर से टकराने के कारण हुआ था। घटना में कार सवार दो अन्य पहलवानों सहित तीन लोग घायल हो गए। हादसे की सूचना मिलते ही ढांड पुलिस मौके पर पहुंची घायलों को एंबुलेंस की सहायता से नागरिक अस्पताल कैथल पहुंचाया।
नेशनल हाईवे 152-डी पर गांव चंदलाना के पास संतुलन बिगड़ने से स्विफ्ट गाड़ी पलट गई थी। इसमें सवार राष्ट्रीय स्तरीय पर उभरते पहलवान बहादुरगढ़ के गांव कसार निवासी 20 वर्षीय परीक्षित पुत्र नरेश की मौत हो गई, जबकि उत्तर प्रदेश के मथुरा निवासी पहलवान गौरव, महाराष्ट्र निवासी पहलवान माऊली लिशम व बहादुरगढ़ निवासी युवक गौरव घायल हो गए।
इलाज के लिए तीनों को जिला नागरिक अस्पताल कैथल लाया गया। चिकित्सकों ने पहलवान गौरव व माऊली को चंडीगढ़ रेफर कर दिया। गौरव का इलाज नागरिक अस्पताल में चल रहा है। सभी पहलवान शनिवार को बहादुरगढ़ से पंजाब के जिला जालंधर के फिल्लोर में आयोजित दंगल में भाग लेने के लिए जा रहे थे। कार में सवार पहलवान गौरव ने बताया कि हादसा कार का संतुलन बिगड़ने से हुआ।
परीक्षित के चाचा संजय ने बताया कि पहलवान परीक्षित 84 किलोग्राम भार वर्ग में खेलता था। वह तीन भाइयों में मंझला था। उनके पिता नरेश कुमार की वर्ष 2021 में कोरोना महामारी के चलते मौत हो गई थी। नरेश कुमार दिल्ली पुलिस में सहायक उप निरीक्षक थे। पिता की मौत के बाद परिवार मुश्किल से संभला था, लेकिन अब परीक्षित की मौत से परिवार पूरी तरह से टूट गया है।
परीक्षित 12वीं कक्षा की पढ़ाई पूरी करने के बाद बहादुरगढ़ शहर में स्थित ब्रिगेडियर होशियार सिंह अखाड़े में कुश्ती का प्रशिक्षण ले रहे थे। परीक्षित के गुरु शोला पहलवान ने बताया कि परीक्षित बहु अच्छा पहलवान था। उनका सपना देश के लिए स्वर्ण पदक जीतने का था। ढांड पुलिस थाना से एसआई अजमेर सिंह ने बताया कि मामले में धारा 174 के तहत कार्रवाई की गई है। रविवार को परीक्षित गांव कसार के श्मशान घाट में दाह संस्कार किया गया। इस मौके पर विभिन्न राजनीतिक, सामाजिक व खेलों से जुड़े लोगों ने शोक जताया।